फर्रुखाबाद। दिल्ली में महिला पत्रकारों के साथ पुलिस द्वारा कथित मारपीट और अभद्र व्यवहार की घटना को लेकर पत्रकारों में नाराजगी है। इसी मुद्दे को लेकर राष्ट्रीय पत्रकार संघ भारत की ओर से बैठक आयोजित कर घटना की निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की मांग उठाई गई। बैठक में पत्रकारों ने कहा कि पत्रकारों के सम्मान और स्वतंत्र पत्रकारिता की सुरक्षा से जुड़े मामलों को गंभीरता से लिया जाना चाहिए।
बैठक की अध्यक्षता राष्ट्रीय पत्रकार संघ भारत के जिला अध्यक्ष अरविंद शुक्ला ने की। उन्होंने कहा कि पत्रकारों के अधिकारों और सुरक्षा के लिए लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक माध्यमों से अपनी बात शासन-प्रशासन तक पहुंचाना जरूरी है। बैठक में निर्णय लिया गया कि 7 सितंबर 2026 को सुबह 10 बजे पत्रकारों का प्रतिनिधिमंडल जिलाधिकारी महोदया से मुलाकात करेगा और महामहिम राष्ट्रपति के नाम संबोधित ज्ञापन उनके माध्यम से सौंपेगा।
प्रस्तावित ज्ञापन में दिल्ली की घटना की निष्पक्ष जांच कराने, यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित पुलिसकर्मियों के खिलाफ विधिसम्मत कार्रवाई करने तथा पत्रकारों, विशेषकर महिला पत्रकारों की सुरक्षा और सम्मान सुनिश्चित करने की मांग की जाएगी। साथ ही स्वतंत्र एवं निर्भीक पत्रकारिता के लिए अनुकूल वातावरण बनाए रखने तथा पत्रकारों के संवैधानिक अधिकारों के संरक्षण पर भी जोर दिया जाएगा।
बैठक में अनुराग दुबे, आर्यन बाजपेई, मनीष श्रीवास्तव, रवि चौहान, गौरव शुक्ला, राहुल कठेरिया, सुमित जोशी, मनीष यादव, धर्मवीर सिंह, सुरेंद्र सिंह, कुमारी किरण, श्याम सिंह यादव, रैना कुशवाहा, कमलकांत (के.के.), अमित गुप्ता, बलवीर कुशवाहा और अतुल जैन सहित अन्य पत्रकार मौजूद रहे। आयोजकों ने जिले के पत्रकारों से 7 सितंबर को सुबह 10 बजे निर्धारित स्थान पर पहुंचकर शांतिपूर्ण एवं संवैधानिक तरीके से प्रस्तावित ज्ञापन कार्यक्रम में सहभागी बनने की अपील की।


