नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार को 13 साल बाद दिल्ली विश्वविद्यालय के श्रीराम कॉलेज ऑफ कॉमर्स (SRCC) पहुंचे। कॉलेज के शताब्दी समारोह में उन्होंने करीब 48 मिनट छात्रों को संबोधित किया। मेट्रो से कॉलेज पहुंचे मोदी ने युवाओं को बड़े सपने देखने और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण का संकल्प दिलाया।
अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने 15 अगस्त के लाल किले से दिए भाषण का जिक्र करते हुए कहा कि उन्होंने ‘दिमागी नक्सल’ कहकर होम्योपैथी की ऐसी गोली दी, जिससे विरोधी बौखला गए और उनका असली रंग जनता के सामने आ रहा है।
मोदी ने विपक्ष पर तंज कसते हुए कहा कि देश में कुछ लोग ‘नाराज फूफा’ जैसे हैं, जिन्हें हर काम में सवाल नजर आता है। उन्होंने बुलेट ट्रेन, यूपीआई, चिप और नई संसद जैसे फैसलों का उदाहरण देते हुए कहा कि ऐसे लोगों ने हर नई पहल पर सवाल उठाए, लेकिन भारत आगे बढ़ता रहा।
प्रधानमंत्री ने 2013 के अपने SRCC भाषण को याद करते हुए कहा कि तब भारत को दुनिया ‘फ्रैजाइल फाइव’ अर्थव्यवस्थाओं में गिनती थी। आज भारत दुनिया की बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में शामिल है। उन्होंने कहा कि कोरोना, रूस-यूक्रेन युद्ध और पश्चिम एशिया संकट जैसे मुश्किल दौर के बावजूद देश ने विकास की रफ्तार बनाए रखी।
युवाओं को संबोधित करते हुए मोदी ने कहा कि आज भारतीय युवा स्टार्टअप, यूनिकॉर्न और अंतरिक्ष क्षेत्र में अपना भविष्य देख रहा है। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि दुनिया की बड़ी कंपनियों में नेतृत्व करने के साथ ऐसी कंपनियां भी भारत में खड़ी की जाएं।
मोदी ने कहा कि भारत आने वाले समय में शोध और नवाचार का बड़ा केंद्र बनेगा। उन्होंने विश्वास जताया कि देश अपना अंतरिक्ष स्टेशन बनाएगा और भविष्य में ऐसे ओलंपिक का आयोजन करेगा, जिसे पूरी दुनिया देखेगी।
संबोधन के अंत में प्रधानमंत्री ने युवाओं से आत्मनिर्भर और विकसित भारत का संकल्प लेने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि सपना भी हमारा हो और उसे पूरा करने का संकल्प भी हमारा होना चाहिए।


