– मकसद चालान नहीं, जिंदगी बचाना है।
– सड़क पर सुरक्षा को पहली प्राथमिकता दें।
अनुराग तिवारी
औरैया। सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने और वाहन चालकों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने के लिए परिवहन विभाग ने अब सख्ती के साथ संवेदनशीलता का भी रास्ता अपनाया है। जिला सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में सड़क दुर्घटनाओं के कारणों पर चर्चा के बाद सामने आए प्रमुख बिंदुओं के आधार पर परिवहन विभाग की टीम ने शहर में जागरूकता एवं चेकिंग अभियान चलाया।
समीक्षा में यह बात प्रमुखता से सामने आई कि बिना हेलमेट वाहन चलाना, सीट बेल्ट का प्रयोग न करना तथा सड़क सुरक्षा नियमों की अनदेखी सड़क दुर्घटनाओं के जोखिम को बढ़ाने वाले महत्वपूर्ण कारण हैं। इसके बाद परिवहन विभाग के अधिकारियों ने लोगों को नियमों का पालन कराने के साथ-साथ उन्हें समझाने पर भी जोर दिया। इसी क्रम में शहर के बीचोंबीच स्थित भारत पेट्रोलियम पेट्रोल पंप पर परिवहन विभाग की टीम ने वाहन चालकों को सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक किया। ARTO एनसी शर्मा के नेतृत्व में टीम ने बिना हेलमेट वाहन चलाने वालों को रोककर उन्हें हेलमेट के महत्व के बारे में समझाया। जागरूकता के संदेश के साथ कई वाहन चालकों को गुलाब का फूल देकर हेलमेट लगाने की अपील की गई।
अभियान के दौरान नियमों का उल्लंघन करने वाले बिना हेलमेट वाहन चालकों के चालान भी काटे गए। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सड़क सुरक्षा केवल चालान और जुर्माने तक सीमित विषय नहीं है, बल्कि प्रत्येक वाहन चालक की व्यक्तिगत और सामाजिक जिम्मेदारी भी है।
*पेट्रोल पंप संचालक से भी सहयोग की अपील*
परिवहन विभाग की टीम ने पेट्रोल पंप संचालक से जनहित में सड़क सुरक्षा अभियान में सहयोग करने की अपील की। अधिकारियों ने कहा कि पेट्रोल पंप पर आने वाले दोपहिया वाहन चालकों को हेलमेट पहनने तथा कार चालकों को सीट बेल्ट लगाने के लिए जागरूक किया जाए। टीम ने पेट्रोल पंप संचालक से अपील की कि बिना हेलमेट और बिना सीट बेल्ट आने वाले वाहन चालकों को नियमों के प्रति जागरूक करने में सहयोग करें, ताकि ईंधन भराने के साथ-साथ सड़क सुरक्षा का संदेश भी लोगों तक पहुंचे। इसका उद्देश्य वाहन चालकों को दंडित करना मात्र नहीं, बल्कि सड़क पर उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
अधिकारियों ने कहा कि यदि वाहन चालक छोटी-छोटी सुरक्षा सावधानियों को अपनी आदत बना लें तो गंभीर सड़क दुर्घटनाओं के खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है। हेलमेट सिर्फ चालान से बचने के लिए नहीं, बल्कि जिंदगी बचाने के लिए जरूरी है। इसी तरह कार में सीट बेल्ट चालक और यात्रियों की सुरक्षा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। अभियान के दौरान परिवहन विभाग की टीम में कॉन्स्टेबल अशोक कुमार, कॉन्स्टेबल सुनील राय, चालक सोने लाल सहित अन्य कर्मचारी मौजूद रहे। परिवहन विभाग की इस पहल में जागरूकता और प्रवर्तन दोनों पहलुओं को साथ रखा गया। जहां एक ओर वाहन चालकों को गुलाब का फूल देकर सम्मानपूर्वक नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित किया गया, वहीं नियमों की अनदेखी करने वालों पर चालान की कार्रवाई कर यह संदेश भी दिया गया कि सड़क सुरक्षा नियमों का पालन हर वाहन चालक के लिए जरूरी है।
विभाग का उद्देश्य है कि औरैया की सड़कों पर हर दोपहिया चालक हेलमेट पहने, हर कार चालक सीट बेल्ट लगाए और प्रत्येक व्यक्ति यातायात नियमों को अपनी जिम्मेदारी समझे। सड़क सुरक्षा के लिए प्रशासन, परिवहन विभाग, वाहन चालक और आम नागरिक—सभी का सहयोग जरूरी है।
*”हमारा उद्देश्य सिर्फ चालान करना नहीं, बल्कि लोगों की जिंदगी बचाना है। हेलमेट और सीट बेल्ट किसी डर या जुर्माने के लिए नहीं, बल्कि सुरक्षा के लिए हैं। वाहन चालक खुद भी सुरक्षित रहें और अपने परिवार की चिंता करते हुए यातायात नियमों का पालन करें। सड़क सुरक्षा के लिए आमजन और पेट्रोल पंप संचालकों का सहयोग भी बेहद जरूरी है।” —ARTO एनसी शर्मा*


