फर्रुखाबाद। राष्ट्रवादी ब्रह्म महासभा ने स्वर्गीय भरत तिवारी के कथित अवैध एनकाउंटर प्रकरण को लेकर गहरा विरोध जताते हुए महामहिम राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा है। संगठन का कहना है कि इस घटना से समाज में भय, आक्रोश और असंतोष का माहौल व्याप्त है तथा मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।
ज्ञापन में कहा गया है कि यदि किसी व्यक्ति पर आरोप हैं तो उसके विरुद्ध संविधान और कानून द्वारा निर्धारित प्रक्रिया के तहत कार्रवाई होना आवश्यक है। विधिक प्रक्रिया से हटकर की गई किसी भी कार्रवाई से न्याय व्यवस्था और नागरिक अधिकारों पर गंभीर प्रश्न खड़े होते हैं, जिससे आम जनता का विश्वास प्रभावित होता है।
राष्ट्रवादी ब्रह्म महासभा ने मांग की है कि स्व. भरत तिवारी प्रकरण की उच्च स्तरीय एवं पारदर्शी जांच कराई जाए। साथ ही जांच किसी स्वतंत्र एजेंसी या विशेष जांच दल (एसआईटी) से कराए जाने की मांग उठाई गई है, ताकि घटना के सभी तथ्य निष्पक्ष रूप से सामने आ सकें।
संगठन ने ज्ञापन में घटना में दोषी पाए जाने वाले पुलिस कर्मियों एवं संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई, पीड़ित परिवार को शासन स्तर से सहायता प्रदान करने तथा मामले से जुड़े सभी तथ्यों को सार्वजनिक करने की मांग की है। ज्ञापन पर राष्ट्रवादी ब्रह्म महासभा के जिला अध्यक्ष विजय कुमार त्रिपाठी सहित अन्य पदाधिकारियों के हस्ताक्षर दर्ज हैं।


