लखनऊ /फर्रुखाबाद। जिले में कानून-व्यवस्था की चुनौतियों के बीच पुलिस विभाग में दरोगाओं और प्रभारी निरीक्षकों की भारी कमी का मामला अब शासन स्तर तक पहुंच गया है। जिले के प्रभारी एवं पर्यटन मंत्री ने इस गंभीर स्थिति का संज्ञान लेते हुए आश्वासन दिया है कि वह इस संबंध में पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) को अवगत कराएंगे।
सूत्रों के अनुसार जिले के कई थाने और चौकियां लंबे समय से स्टाफ की कमी से जूझ रहे हैं। कई स्थानों पर एक ही अधिकारी को अतिरिक्त प्रभार संभालना पड़ रहा है, जिससे कानून-व्यवस्था की निगरानी और अपराध नियंत्रण पर प्रभाव पड़ने की आशंका बनी रहती है।
प्रभारी मंत्री जयवीर सिंह ने समीक्षा के दौरान पुलिस बल की कमी को गंभीर विषय बताते हुए कहा कि जनपद की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए पर्याप्त संख्या में अधिकारियों और कर्मचारियों की तैनाती आवश्यक है। उन्होंने कहा कि जिले की वास्तविक स्थिति से पुलिस मुख्यालय को अवगत कराया जाएगा ताकि रिक्त पदों पर शीघ्र तैनाती हो सके।
जानकारों का कहना है कि फर्रुखाबाद जैसे बड़े जनपद में अपराध नियंत्रण, यातायात व्यवस्था, वीआईपी ड्यूटी और त्योहारों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पर्याप्त पुलिस बल की आवश्यकता होती है। लेकिन वर्तमान में कई थानों में दरोगा और प्रभारी निरीक्षक स्तर के अधिकारियों की कमी महसूस की जा रही है।
स्थानीय जनप्रतिनिधियों और नागरिकों ने भी पुलिस बल की संख्या बढ़ाने की मांग की है। उनका कहना है कि पर्याप्त स्टाफ उपलब्ध होने से अपराधों की रोकथाम, शिकायतों के निस्तारण और कानून-व्यवस्था बनाए रखने में मदद मिलेगी।
अब निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि प्रभारी मंत्री की पहल के बाद पुलिस मुख्यालय इस मामले में क्या कदम उठाता है और जिले को अतिरिक्त पुलिस बल कब तक उपलब्ध कराया जाता है।


