लखनऊ।प्रस्तावित ग्रीन कॉरिडोर परियोजना को लेकर प्रशासनिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। परियोजना के तहत पुलिस विभाग और लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) के अधिकारियों ने संयुक्त रूप से स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान ट्रैफिक फ्लो, सुरक्षा व्यवस्था और यातायात संचालन को लेकर विस्तार से चर्चा की गई।
अधिकारियों ने विभिन्न मार्गों और संवेदनशील चौराहों का जायजा लेते हुए यह आकलन किया कि ग्रीन कॉरिडोर बनने के बाद यातायात व्यवस्था पर क्या प्रभाव पड़ेगा। साथ ही आपातकालीन परिस्थितियों में वाहनों की निर्बाध आवाजाही और सुरक्षा मानकों को लेकर भी रणनीति तैयार की गई।
निरीक्षण के दौरान सड़क चौड़ीकरण, बैरिकेडिंग, डायवर्जन पॉइंट और ट्रैफिक कंट्रोल सिस्टम को लेकर भी चर्चा हुई। अधिकारियों ने कहा कि परियोजना का उद्देश्य शहर में यातायात को अधिक सुगम बनाना और जाम की समस्या को कम करना है।
पुलिस अधिकारियों ने सुरक्षा व्यवस्था को प्राथमिकता बताते हुए कहा कि ग्रीन कॉरिडोर वाले मार्गों पर निगरानी व्यवस्था मजबूत की जाएगी। वहीं LDA अधिकारियों ने परियोजना को तय समयसीमा में पूरा कराने के लिए विभिन्न विभागों के बीच समन्वय पर जोर दिया।
राजधानी में लगातार बढ़ते ट्रैफिक दबाव के बीच ग्रीन कॉरिडोर परियोजना को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। प्रशासन का दावा है कि इसके पूरा होने से शहरवासियों को बेहतर यातायात सुविधा मिल सकेगी और प्रमुख मार्गों पर जाम की समस्या में राहत मिलेगी।
ग्रीन कॉरिडोर परियोजना का स्थलीय निरीक्षण, ट्रैफिक और सुरक्षा व्यवस्था पर मंथन


