कासगंज। जनपद में सोमवार तड़के आई तेज आंधी और मूसलाधार बारिश ने भारी तबाही मचा दी। मौसम के इस अचानक बदले मिजाज ने दो अलग-अलग स्थानों पर दर्दनाक हादसों को जन्म दिया, जिसमें एक ही परिवार के मासूम भाई-बहन समेत तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इस घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक और दहशत का माहौल व्याप्त है।
पहली घटना सिकंदरपुर वैश्य थाना क्षेत्र के गांव घबरा में हुई, जहां निवासी जीतेश कुमार अपने परिवार के साथ घर में सो रहे थे। तभी अचानक तेज आंधी के बीच मकान का लिंटर भरभराकर गिर पड़ा। हादसे के समय परिवार के सभी सदस्य कमरे में मौजूद थे और मलबे में दब गए। चीख-पुकार सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और काफी मशक्कत के बाद मलबे से लोगों को बाहर निकाला।
इस दर्दनाक हादसे में जीतेश कुमार की पांच वर्षीय पुत्री सोनाली और छह माह का मासूम पुत्र अविनाश की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं जीतेश कुमार (30), उनकी पत्नी नीलम (26) और बहन बबिता (16) गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को पहले स्थानीय स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उनकी हालत गंभीर देखते हुए उन्हें बरेली रेफर कर दिया गया, जहां उनका इलाज जारी है।
सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और राजस्व विभाग की टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। प्रशासन द्वारा नुकसान का आकलन किया जा रहा है और पीड़ित परिवार को हर संभव सहायता देने का आश्वासन दिया गया है।
दूसरी घटना अमांपुर थाना क्षेत्र के गांव शेरपुर में सामने आई, जहां तेज आंधी के कारण एक कच्चे मकान की दीवार अचानक ढह गई। इस हादसे में 70 वर्षीय वृद्ध महिला बादामश्री पत्नी रामखिलाड़ी की मलबे में दबकर मौत हो गई। बताया गया कि वह पिछले कई वर्षों से अपने मायके में रह रही थीं। हादसे के दौरान उनके 80 वर्षीय भाई सुनहरी लाल भी घायल हो गए, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
लगातार बदल रहे मौसम और तेज आंधी-बारिश ने जिले में जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। प्रशासन ने लोगों से खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने और जर्जर मकानों से दूर रहने की अपील की है, ताकि इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।


