लखनऊ। समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने रविवार को लखनऊ में कहा कि प्रदेश में बंद किए गए करीब 26 हजार स्कूलों को दोबारा शुरू कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि बेटियों की शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए उन्हें विद्याधन दिया जाएगा। अखिलेश ने दावा किया कि सपा की सरकार बनने पर तीन महीने के भीतर उत्तर प्रदेश में जातीय जनगणना कराई जाएगी और बेटियों को पहले से अधिक आर्थिक सहायता दी जाएगी।
अखिलेश यादव ने मेरठ के सपा नेताओं मोहित जाटव और दिग्विजय भाटी को लखनऊ बुलाकर उनके साथ कथित मारपीट के मामले में सरकार पर निशाना साधा। दोनों नेताओं ने पूर्व मेरठ एसएसपी अविनाश पांडेय पर मारपीट और धमकी देने के आरोप लगाए। अखिलेश ने कहा कि यदि प्रदेश में कानून का राज होता तो संबंधित अधिकारी के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज होता। उन्होंने मामले की जांच और कार्रवाई की मांग की।
शामली के गायक अंकित बालियान हत्याकांड को लेकर भी अखिलेश ने सरकार पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि दूसरे प्रदेशों के अपराधी यूपी में आकर गोलीबारी कर रहे हैं, ऐसे में सरकार का बुलडोजर कहां है और कब चलेगा। उन्होंने अंकित के परिजनों को न्याय दिलाने की मांग की।
आईएएस दिव्या मित्तल के इस्तीफे पर अखिलेश ने कहा कि ईमानदार अधिकारियों को सम्मान नहीं मिल रहा है। उन्होंने सरकार पर भ्रष्टाचार और कमीशनखोरी के आरोप लगाते हुए कहा कि कई अधिकारी नौकरी छोड़ने या सेवानिवृत्ति लेने के बारे में सोच रहे हैं।
अखिलेश ने प्रदेश की सड़कों और एक्सप्रेस-वे की गुणवत्ता पर भी सवाल उठाए। उन्होंने बुंदेलखंड और पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे का जिक्र करते हुए निर्माण और रखरखाव में कथित अनियमितताओं के आरोप लगाए। कन्नौज के काऊ मिल्क प्लांट, लखनऊ की छतर मंजिल और जेपीएनआईसी को लेकर भी उन्होंने सरकार पर तीखे आरोप लगाए।
उन्होंने कहा कि सपा की सरकार बनने पर गरीबों और बेटियों के हित में योजनाओं का विस्तार किया जाएगा। महंगाई और बेरोजगारी के मुद्दे पर सरकार को घेरते हुए अखिलेश ने कहा कि जनता अब बदलाव चाहती है। उन्होंने भाजपा पर बड़े उद्योगपतियों के हित में काम करने का आरोप भी लगाया।


