– सर्दियों की शुरुआत के साथ वायु गुणवत्ता पर नजर
– नियमों के उल्लंघन पर होगी कार्रवाई
नई दिल्ली।सर्दियों की शुरुआत के साथ दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण की रोकथाम को लेकर वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) सतर्क हो गया है। प्रदूषण नियंत्रण उपायों की निगरानी के लिए ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (जीआरएपी) का निगरानी नियंत्रण कक्ष सक्रिय किया गया है। इसके माध्यम से प्रदूषण से निपटने के लिए लागू किए जाने वाले उपायों और उनके पालन पर नजर रखी जाएगी।
सीएक्यूएम की निगरानी व्यवस्था के तहत संबंधित विभागों और एजेंसियों द्वारा उठाए जा रहे प्रदूषण नियंत्रण कदमों की समीक्षा की जाएगी। जीआरएपी के नियमों के अनुपालन, निर्धारित दिशा-निर्देशों के क्रियान्वयन और संबंधित विभागों की कार्रवाई पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
प्रदूषण नियंत्रण के निर्देशों का पालन नहीं करने वाले संबंधित निकायों और एजेंसियों के मामलों में नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है। निगरानी व्यवस्था का उद्देश्य प्रदूषण के बढ़ते स्तर पर समय रहते नियंत्रण के उपाय लागू करना और विभिन्न विभागों के बीच समन्वय सुनिश्चित करना है।
कार्रवाई की निगरानी और समीक्षा के लिए पीएवीएएन पोर्टल का भी उपयोग किया जाएगा। इसके माध्यम से प्रदूषण नियंत्रण से जुड़े कदमों की प्रगति और अनुपालन की स्थिति पर नजर रखने की व्यवस्था बताई गई है।
जीआरएपी दिल्ली-एनसीआर में वायु गुणवत्ता बिगड़ने पर चरणबद्ध तरीके से लागू किए जाने वाले आपात प्रदूषण नियंत्रण उपायों की व्यवस्था है। इसके अंतर्गत प्रदूषण के स्तर और पूर्वानुमान के आधार पर निर्माण गतिविधियों, वाहनों तथा अन्य प्रदूषणकारी स्रोतों पर निर्धारित प्रतिबंध या नियंत्रण लागू किए जा सकते हैं।


