दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के मामले में सीजेपी नेता अशुतोष रांका और सौरव दास को पांच दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। दोनों नेताओं को संबंधित मामले में एसईएम के सामने पेश किया गया था।
पार्टी नेता अजिंक्य शिंदे ने दावा किया कि सीजेपी नेता जंतर-मंतर पर तिरंगा लहराने और ‘भारत माता की जय’ के नारे लगाने पहुंचे थे। इस मामले में दोनों नेताओं को न्यायिक हिरासत में भेजे जाने के बाद राजनीतिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है।
अजिंक्य शिंदे ने सरकार पर मौलिक अधिकारों के उल्लंघन का आरोप लगाया। उनका कहना है कि तिरंगा लहराना और देशभक्ति के नारे लगाना अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता से जुड़ा विषय है। उन्होंने इस कार्रवाई पर सवाल उठाए।
पार्टी नेता अजिंक्य शिंदे ने कहा कि जेल भेजे जाने से पार्टी के नेता डरने वाले नहीं हैं। फिलहाल, इस मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया पर नजर बनी हुई है।


