– राष्ट्रीय स्मृति परिसर में बनेगा स्मारक
नई दिल्ली। भारत के पूर्व राष्ट्रपति और भारत रत्न प्रणब मुखर्जी की स्मृति में राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली स्थित राजघाट परिसर के राष्ट्रीय स्मृति स्थल में समाधि निर्माण का मार्ग प्रशस्त हो गया है। केंद्र सरकार ने उनके स्मारक के निर्माण को औपचारिक मंजूरी दे दी है। इसके साथ ही प्रणब मुखर्जी पश्चिम बंगाल से जुड़े पहले ऐसे राष्ट्रीय नेता बनेंगे, जिनकी समाधि राष्ट्रीय स्मृति परिसर में बनाई जाएगी।
प्रणब मुखर्जी का 31 अगस्त 2020 को 84 वर्ष की आयु में निधन हुआ था। देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद पर रहने के साथ उन्होंने पांच दशकों से अधिक समय तक भारतीय राजनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। वित्त, रक्षा, विदेश और संसदीय कार्य जैसे कई अहम मंत्रालयों की जिम्मेदारी संभालने वाले प्रणब मुखर्जी को वर्ष 2019 में भारत रत्न से सम्मानित किया गया था।
सरकारी सूत्रों के अनुसार, समाधि निर्माण की प्रक्रिया आगे बढ़ चुकी है। दिल्ली शहरी कला आयोग ने वर्ष 2026 में स्मारक के प्रारूप में कुछ डिजाइन संबंधी सुझाव दिए थे। इन सुझावों के अनुरूप केंद्रीय लोक निर्माण विभाग ने संशोधित प्रारंभिक प्रस्ताव आयोग को सौंप दिया है। अब अंतिम स्वीकृतियों के बाद निर्माण कार्य शुरू करने की तैयारी की जा रही है। फिलहाल सीपीडब्ल्यूडी को स्मारक निर्माण के लिए गठित ट्रस्ट से बजट आवंटन का इंतजार है।
राष्ट्रीय स्मृति परिसर देश के उन विशिष्ट नेताओं की स्मृति को समर्पित है, जिन्होंने राष्ट्र निर्माण में ऐतिहासिक योगदान दिया। यहां पूर्व राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति और प्रधानमंत्रियों के स्मारक विकसित किए जाते हैं। लगभग 245 एकड़ में फैला यह परिसर महात्मा गांधी की समाधि राजघाट से प्रारंभ होकर देश के अनेक महान नेताओं की स्मृतियों को संजोए हुए है।


