कमालगंज। थाना क्षेत्र के सुभाष नगर में सोमवार देर रात उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब मजदूर वीरभान दिवाकर के कमरे का लेंटर अचानक भरभराकर बेड पर जा गिरा। हादसे में कमरे में मौजूद वीरभान और उनकी पत्नी घायल हो गए। अचानक लेंटर गिरने की तेज आवाज से आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और मलबा हटाकर घायल दंपती को बाहर निकाला।
गनीमत रही कि हादसे के समय दंपती के चारों बच्चे कमरे में मौजूद नहीं थे। बच्चों की उम्र करीब छह से 18 वर्ष के बीच बताई गई है। यदि बच्चे उस समय कमरे में होते तो हादसा बेहद गंभीर हो सकता था। घटना के बाद पूरा परिवार दहशत में है।
वीरभान भट्ठे पर मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर है। बताया गया कि उन्होंने करीब आठ माह पहले आवास के लिए कॉलोनी का आवेदन किया था, लेकिन अभी तक उन्हें आवास योजना का लाभ नहीं मिल सका। जर्जर मकान में परिवार के साथ रहने को मजबूर मजदूर के सामने अब सिर छिपाने का संकट खड़ा हो गया है।
हादसे के बाद घायल दंपती का रात में ही निजी चिकित्सक से उपचार कराया गया। परिजनों और पड़ोसियों ने प्रशासन से परिवार की आर्थिक स्थिति को देखते हुए तत्काल मदद दिलाने और सुरक्षित आवास की व्यवस्था कराने की मांग की है। हादसे के बाद परिवार को डर सता रहा है कि कहीं मकान का बचा हुआ हिस्सा भी अचानक न गिर जाए।
एक तरफ गरीब परिवार आवास के लिए महीनों से इंतजार कर रहा था, दूसरी तरफ उसी मकान का लेंटर अचानक जिंदगी पर आ गिरा। अब देखना यह है कि हादसे के बाद प्रशासन इस मजदूर परिवार की सुध कब लेता है और उसे सुरक्षित छत कब मिलती है।


