अनुराग तिवारी
औरैया। पुरानी पेंशन व्यवस्था बहाल किए जाने की मांग को लेकर गुरुवार को सफाई कर्मचारियों ने शहर में रैली निकालकर अपनी आवाज बुलंद की। हाथों में झंडे और मांगों से संबंधित तख्तियां लेकर कर्मचारियों ने पुरानी पेंशन बहाली की मांग उठाई। रैली के बाद कर्मचारियों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर अपनी मांगों के शीघ्र निराकरण की मांग की।
रैली में शामिल कर्मचारियों का कहना था कि सरकारी सेवा के दौरान कर्मचारी पूरी निष्ठा और जिम्मेदारी के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करते हैं। सफाई कर्मचारी विशेष रूप से शहर और गांवों को स्वच्छ रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, लेकिन सेवानिवृत्ति के बाद उनके भविष्य की आर्थिक सुरक्षा को लेकर चिंता बनी हुई है। कर्मचारियों ने कहा कि पुरानी पेंशन व्यवस्था उनके बुढ़ापे की सामाजिक एवं आर्थिक सुरक्षा से जुड़ा महत्वपूर्ण विषय है। रैली के दौरान कर्मचारियों ने हाथों में “नहीं झुकेंगे, नहीं झुकेंगे, अपना हक लेकर रहेंगे” जैसे नारों और मांगों से संबंधित तख्तियां लेकर पुरानी पेंशन बहाली की मांग की। कर्मचारियों ने सरकार से पुरानी पेंशन व्यवस्था को पुनः लागू करने की मांग करते हुए कहा कि लंबे समय तक सरकारी सेवा देने वाले कर्मचारियों के भविष्य को सुरक्षित किया जाना आवश्यक है।
सफाई कर्मचारी संगठन के ब्लॉक अध्यक्ष औरैया गौतम सिंह कठेरिया ने कहा कि पुरानी पेंशन कर्मचारियों के लिए केवल सेवानिवृत्ति के बाद मिलने वाली आर्थिक सहायता नहीं, बल्कि उनके पूरे सेवाकाल की सामाजिक सुरक्षा से जुड़ा विषय है। उन्होंने कहा कि कर्मचारी अपनी मांग को लोकतांत्रिक तरीके से सरकार और प्रशासन के सामने रख रहे हैं तथा उम्मीद है कि उनकी मांग पर सकारात्मक निर्णय लिया जाएगा।
कर्मचारियों ने जिलाधिकारी को सौंपे ज्ञापन के माध्यम से शासन तक अपनी मांग पहुंचाने और पुरानी पेंशन व्यवस्था की बहाली के लिए प्रभावी पहल किए जाने का आग्रह किया। रैली में सफाई कर्मचारियों के साथ संगठन से जुड़े पदाधिकारी एवं अन्य कर्मचारी मौजूद रहे। कर्मचारियों ने स्पष्ट किया कि पुरानी पेंशन की मांग उनके भविष्य की सुरक्षा और सम्मान से जुड़ी है, इसलिए सरकार को इस विषय पर गंभीरता से विचार करते हुए कर्मचारियों के हित में निर्णय लेना चाहिए।


