कमालगंज संवाददाता। उदरनपुर से शेरपुर सराय तक जाने वाले संयोगिता मार्ग के चौड़ीकरण का कार्य चल रहा है। लोक निर्माण विभाग के प्रस्ताव के अनुसार 7 मीटर चौड़ी डामर सड़क के साथ दोनों तरफ 1.5 मीटर फुटपाथ और जल निकासी के लिए पक्के नाले का निर्माण किया जाना है। वर्तमान में सड़क के दोनों ओर मिट्टी भराई और गिट्टी डालने का कार्य लगभग पूर्ण हो चुका है।
जलभराव वाले गांवों में सीमेंटेड रोड, ज्यादा टिकाऊ
विभाग ने ग्रामीण आबादी वाले उन हिस्सों में जहां बरसात में जलभराव से सड़क जल्दी टूट जाती है, वहां विशेष तौर पर सीमेंट कंक्रीट (PQC) रोड बनाने का निर्णय लिया है। यह डामर रोड की तुलना में अधिक टिकाऊ मानी जाती है।
इसी क्रम में रजीपुर में एक तरफ की सीमेंट रोड का कार्य पूरा कर लिया गया है, जबकि सबलपुर गांव में काम शुरू हो गया है। मौके पर मौजूद कर्मचारियों ने बताया कि निर्माण दो चरणों में हो रहा है – पहले DLC (Dry Lean Concrete) की बेस परत और उसके ऊपर M40 ग्रेड की PQC परत, फिर फाइनल फिनिशिंग।
मानकों के अनुसार ग्रामीण और जलभराव वाले क्षेत्रों में 100 से 150 मिमी मोटी DLC परत के ऊपर 200 से 300 मिमी मोटी M40 ग्रेड PQC बिछाया जाना मानक है, जिसकी 28 दिन तक पानी से तराई (क्योरिंग) अनिवार्य है।
सुरक्षा मानकों की अनदेखी, छात्र-छात्राएं हो रहे चोटिल
दूसरी ओर निर्माण कार्य में सुरक्षा मानकों की भारी अनदेखी सामने आ रही है। ठेकेदार द्वारा कार्यस्थल पर IRC:SP:55 के तहत अनिवार्य डायवर्जन, चेतावनी बोर्ड और बैरिकेडिंग नहीं लगाई गई है। सड़क पर बिछाई गई मोटी गिट्टी (WBM) पर डस्ट की परत नहीं डाली गई, जिससे सतह असमतल और फिसलन भरी हो गई है।
परिणामस्वरूप आए दिन हादसे हो रहे हैं। विशेषकर साइकिल से स्कूल जाने वाले छात्र-छात्राएं फिसल कर चोटिल हो रहे हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से निर्माण के दौरान अस्थायी मार्ग और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है।


