मधुबनी: मधुबनी जिले के झंझारपुर अनुमंडल अंतर्गत लखनौर थाना (Lakhanaur Police Station) क्षेत्र के बेलही गांव में रविवार को भूमि विवाद ने एक बार फिर खूनी रूप ले लिया। जमीन के एक टुकड़े को लेकर दो पक्षों के बीच उपजा पुराना तनाव अचानक हिंसक झड़प (Violent clash) में बदल गया। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच जमकर मारपीट हुई और करीब 5 राउंड फायरिंग की सनसनीखेज सूचना से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। दिनदहाड़े हुई इस गोलीबारी और हिंसा की घटना से ग्रामीण सहम उठे और हर तरफ दहशत का माहौल कायम हो गया।
भूमि विवाद को लेकर हुई इस हिंसक झड़प में एक पक्ष के कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों में ठेठर मुखिया, सहदेव मुखिया, रामप्रसाद मुखिया, मनोज मुखिया और राज कुमार मुखिया शामिल हैं, जिन्हें मारपीट के दौरान गंभीर चोटें आईं। वहीं, दूसरे पक्ष के दिलीप मुखिया को गोली लग गई, जिससे वह गंभीर रूप से लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़े। घटना के तुरंत बाद सभी घायलों को आनन-फानन में इलाज के लिए स्थानीय अस्पताल पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें झंझारपुर अनुमंडल अस्पताल रेफर कर दिया गया।
अनुमंडल अस्पताल में दिलीप मुखिया की नाजुक हालत को देखते हुए चिकित्सकों ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए दरभंगा मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (DMCH) रेफर कर दिया। लखनौर थाना अध्यक्ष (SHO) बेमिशाल कुमार ने जानकारी देते हुए बताया कि डीएमसीएच में डॉक्टरों की टीम ने तुरंत सफल ऑपरेशन कर दिलीप मुखिया के शरीर से गोली बाहर निकाल दी है। हालांकि, गोली लगने और गंभीर चोटों के कारण उनकी स्थिति पर लगातार डॉक्टरों की टीम नजर बनाए हुए है।
घटना की सूचना मिलते ही लखनौर एसएचओ बेमिशाल कुमार दलबल के साथ तुरंत मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रित करने में जुट गए। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए त्वरित कार्रवाई की और इस खूनी संघर्ष में संलिप्त मुख्य आरोपियों को धर दबोचा। पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान विष्णु देव यादव, पवन कुमार, संजीव कुमार, प्रकाश कुमार और शनि कुमार के रूप में हुई है। इस मामले में पीड़ित राम निवास मुखिया के लिखित आवेदन के आधार पर थाने में सुसंगत धाराओं के तहत प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर ली गई है। इसके साथ ही पुलिस ने घटनास्थल से एक ट्रैक्टर को भी जब्त कर लिया है, जिसका इस्तेमाल इस विवादित गतिविधि के दौरान किया गया था।
घटना के बाद गांव में व्याप्त तनाव को पूरी तरह नियंत्रित करने के लिए प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। एसडीपीओ सुबोध कुमार सिन्हा ने मीडिया को जानकारी दी कि गांव की वर्तमान स्थिति को देखते हुए वहां भारी संख्या में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना को दोबारा होने से रोका जा सके। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी लगातार हालात पर पैनी नजर रखे हुए हैं। एसडीपीओ ने यह भी स्पष्ट किया कि इस हिंसक घटना में शामिल अन्य फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की विशेष टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं और जल्द ही बाकी दोषियों को भी कानून के शिकंजे में लाया जाएगा।


