चतरा: झारखंड (Jharkhand) के चतरा जिले के इटखोरी बाजार में ज्वेलरी कारोबारी (Jewelry businessman) की डिक्की से 60 लाख रुपये के जेवरात चोरी मामले में पुलिस ने ‘गुलगुलिया गैंग’ का पर्दाफाश किया है। अंतरराज्यीय ‘गुलगुलिया’ गिरोह का एक सदस्य ओडिशा से गिरफ्तार हुआ है। गिरोह के गुर्गों को हैदराबाद में वारदात के बाद पलक झपकते फरार होने की ट्रेनिंग दी जाती थी। यह गैंग विभिन्न राज्यों में ज्वेलरी कारोबारियों और वाहन चालकों को निशाना बनाता रहा है।
पुलिस ने अनुमानित 60 लाख रुपये की ज्वेलरी चोरी का खुलासा किया है। चतरा पुलिस ने ओडिशा के जाखापुर थाना क्षेत्र के तहत दशमनिया गांव निवासी दीपक प्रधान को गिरफ्तार किया है। जानकारी के अनुसार, आरोपी ने पहले ग्राहक बनकर ज्वेलरी दुकान की रेकी की और बाद में प्लान के अनुसार कारोबारी की बाइक की डिक्की तोड़कर लाखों रुपये के आभूषण चोरी कर लिए।
गैंग का सरगना ओडिशा निवासी आकाश प्रधान है, जो अपने गुर्गों को 1 लाख रुपये मासिक वेतन पर रखता था और उन्हें हैदराबाद में बकायदा प्रोफेशनल ट्रेनिंग दी जाती थी। यहां तक कि रेकी करने वालों को ₹25,000 से ₹50,000 तक मासिक सैलरी मिलती थी। चतरा के पुलिस अधीक्षक अनिमेष नैथानी ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी पहले भी कई चोरी, छिनतई और डिक्की से सामान उड़ाने की घटनाओं में शामिल रहा है। उसके आपराधिक रिकॉर्ड की जांच की जा रही है।
जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी पहले कई बार कारोबारी दिलीप सोनी की दुकान पर पहुंचा और सस्ते दाम पर चोरी के सोने के आभूषण बेचने के बहाने आता था और उसकी कारोबारी की गतिविधियों पर नजर रखने लगा। पुलिस का कहना है कि ‘गुलगुलिया’ गिरोह बेहद पेशेवर तरीके से काम करता है और प्लान बनाकर बड़ी चोरी की घटनाओं को अंजाम देता है। गिरोह के अन्य सदस्यों और सरगना की तलाश में विभिन्न राज्यों में छापेमारी की जा रही है।


