गीजा बनकट गांव में शनिवार रात एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई, जब गेहूं की कटाई के बाद खाली पड़े खेत में नवजात शिशु का कटा हुआ सिर मिलने से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। सूचना मिलते ही उत्तर प्रदेश पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी।
जानकारी के मुताबिक, गांव की कुछ महिलाएं रात में नित्यक्रिया के लिए खेत की ओर गई थीं। टॉर्च की रोशनी में उन्हें अचानक नवजात का कटा हुआ सिर दिखाई दिया। यह दृश्य देखते ही वे घबरा गईं और चीखने लगीं। उनकी आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और देखते ही देखते वहां भारी भीड़ जमा हो गई।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और स्थानीय जनप्रतिनिधि भी मौके पर पहुंचे। प्रधान प्रतिनिधि संतोष गौड़, घनश्याम तिवारी और पूर्व प्रधान राकेश शर्मा की मौजूदगी में आसपास के खेतों में सघन तलाशी अभियान चलाया गया। पुलिस ने कई स्थानों पर खुदाई भी कराई, लेकिन देर रात तक नवजात के धड़ का कोई पता नहीं चल सका।
पुलिस ने बरामद सिर को कब्जे में लेकर पंचनामा भरते हुए पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि सिर एक से दो दिन पुराना हो सकता है। तलाशी के दौरान घटनास्थल से कुछ दूरी पर फूल और मिट्टी का कलश भी मिला, जिससे ग्रामीणों के बीच तरह-तरह की आशंकाएं पैदा हो गई हैं।
हालांकि पुलिस ने तंत्र-मंत्र जैसी किसी भी बात की पुष्टि नहीं की है। प्रभारी कोतवाली एसएसआई विजय प्रताप तिवारी के अनुसार, आशंका है कि नवजात को कहीं दफनाया गया होगा, जिसे बाद में किसी जंगली जानवर ने बाहर निकाल लिया। फिलहाल इलाके में किसी नवजात के लापता होने की सूचना नहीं मिली है।
पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है और आसपास के क्षेत्रों में भी जानकारी जुटाई जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही घटना की वास्तविकता स्पष्ट हो सकेगी। इस घटना ने पूरे क्षेत्र में भय और चिंता का माहौल पैदा कर दिया है


