नई दिल्ली। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) ने एकदिवसीय विश्व कप 2027 के नए प्रारूप की आधिकारिक घोषणा कर दी है। इसके साथ ही उन सभी अटकलों पर विराम लग गया है, जिनमें कहा जा रहा था कि इस बार विश्व कप में 14 के बजाय 12 टीमें खेलेंगी। आईसीसी ने स्पष्ट कर दिया है कि प्रतियोगिता में पहले की तरह 14 टीमें ही भाग लेंगी, लेकिन इस बार मुकाबलों का प्रारूप पूरी तरह बदला हुआ होगा। नए ढांचे का उद्देश्य प्रतियोगिता को अधिक रोमांचक, प्रतिस्पर्धी और संतुलित बनाना है।
आईसीसी की वार्षिक बैठक में लिए गए इस फैसले के अनुसार विश्व कप का आयोजन तीन चरणों में किया जाएगा। पहले चरण में अंतरराष्ट्रीय रैंकिंग में 11वें, 12वें और 13वें स्थान पर रहने वाली टीमें आपस में मुकाबला करेंगी। इन तीनों टीमों में जो सबसे बेहतर प्रदर्शन करेगी, वही दूसरे चरण में जगह बनाएगी।
दूसरे चरण में कुल 12 टीमों को दो समूहों में बांटा जाएगा। दोनों समूहों की टीमें एक-दूसरे के खिलाफ मुकाबले खेलेंगी। प्रत्येक समूह की शीर्ष तीन टीमें अगले चरण के लिए क्वालीफाई करेंगी। इसके बाद तीसरे चरण में सात सर्वश्रेष्ठ टीमें पहुंचेंगी, जहां सभी टीमें एक-दूसरे के खिलाफ मुकाबले खेलेंगी। इस चरण के अंत में अंक तालिका में शीर्ष चार स्थान हासिल करने वाली टीमें सेमीफाइनल में प्रवेश करेंगी और फिर विजेता टीमों के बीच फाइनल मुकाबला खेला जाएगा।
आईसीसी का कहना है कि नए प्रारूप से प्रत्येक मुकाबले का महत्व बढ़ेगा और किसी भी टीम के लिए आगे बढ़ना आसान नहीं होगा। इससे छोटी और उभरती हुई क्रिकेट टीमों को भी अपनी क्षमता साबित करने का बेहतर अवसर मिलेगा, जबकि दर्शकों को पूरे टूर्नामेंट में अधिक रोमांचक मुकाबले देखने को मिलेंगे।
विश्व कप 2027 की मेजबानी दक्षिण अफ्रीका, नामीबिया और जिम्बाब्वे संयुक्त रूप से करेंगे। प्रतियोगिता का आयोजन अक्टूबर और नवंबर 2027 में होगा। तीन देशों की संयुक्त मेजबानी और नए प्रारूप के कारण यह विश्व कप क्रिकेट इतिहास के सबसे अलग और रोमांचक संस्करणों में से एक माना जा रहा है।
आईसीसी ने इसी बैठक में टी-20 विश्व कप 2028 के प्रारूप में भी बदलाव की घोषणा की है। यह प्रतियोगिता ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड की संयुक्त मेजबानी में होगी। इसमें 20 टीमें हिस्सा लेंगी। पहले जहां दूसरे चरण में आठ टीमें खेलती थीं, वहीं अब 10 टीमों को मौका मिलेगा। इससे अधिक देशों को आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा और प्रतियोगिता पहले से अधिक प्रतिस्पर्धी होगी।








