कंपिल/फर्रुखाबाद। कंपिल थाना क्षेत्र के ग्राम इकलहरा में सोमवार दोपहर एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया, जब सगे भाइयों की झोपड़ी में संदिग्ध परिस्थितियों में भीषण आग लग गई। आग इतनी तेजी से फैली कि कुछ ही देर में झोपड़ी का बड़ा हिस्सा उसकी चपेट में आ गया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, गांव निवासी राजबहादुर और कालीचरन अपनी झोपड़ी छोड़कर एक शादी समारोह में शामिल होने गए हुए थे। इसी दौरान दोपहर में झोपड़ी से अचानक धुआं और आग की ऊंची लपटें उठती देख ग्रामीणों में अफरा-तफरी मच गई।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए ग्रामीणों ने बिना देर किए समर्सिबल और हैंडपंपों से पानी भरकर आग बुझाने का प्रयास शुरू कर दिया। करीब आधे घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका, लेकिन तब तक झोपड़ी का लगभग 40 प्रतिशत हिस्सा जलकर राख हो चुका था।
आग की चपेट में आने से झोपड़ी में रखा भूसा और अनाज पूरी तरह नष्ट हो गया। हालांकि ग्रामीणों की सतर्कता के चलते झोपड़ी के पास बंधे मवेशियों को समय रहते सुरक्षित स्थान पर हटा लिया गया, जिससे उनकी जान बच गई।
ग्रामीण मनवेश और रिंकू ने बताया कि आग लगने के कारणों का अभी तक स्पष्ट पता नहीं चल सका है, जिससे घटना को लेकर संदेह बना हुआ है।
इस घटना के बाद गांव में भय और चिंता का माहौल व्याप्त है। ग्रामीणों ने झोपड़ी मालिक राजबहादुर को फोन के माध्यम से घटना की सूचना दे दी है। बताया गया कि झोपड़ी में केवल भूसा और अनाज का ही भंडारण किया गया था।
यदि ग्रामीण समय रहते एकजुट होकर आग बुझाने में नहीं जुटते, तो यह आग आसपास की अन्य झोपड़ियों तक फैल सकती थी और एक बड़ा हादसा हो सकता था। फिलहाल ग्रामीणों ने प्रशासन से घटना की जांच कराए जाने और पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की मांग की है।







