– बार काउंसिल के प्रस्ताव को खारिज करने पर कार्रवाई
– चुनाव से जुड़ा है पूरा मामला
लखनऊ। सेंट्रल बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अखिलेश जायसवाल और महामंत्री अवनीश दीक्षित के खिलाफ उत्तर प्रदेश बार काउंसिल ने बड़ी कार्रवाई की है। दोनों का अधिवक्ता पंजीकरण निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई सेंट्रल बार एसोसिएशन के चुनाव से जुड़े विवाद के बीच की गई है।
जानकारी के अनुसार, बार काउंसिल की ओर से चुनाव को लेकर एक प्रस्ताव पारित किया गया था। इसमें एल्डर्स कमेटी को चुनाव कराने का अधिकार दिया गया था। आरोप है कि सेंट्रल बार एसोसिएशन के अध्यक्ष और महामंत्री ने बार काउंसिल के इस प्रस्ताव को खारिज कर दिया।
मामले में उत्तर प्रदेश बार काउंसिल की ओर से दोनों पदाधिकारियों को नोटिस भी जारी किया गया था। इसके बाद बार काउंसिल की वर्चुअल बैठक में दोनों के खिलाफ कार्रवाई का फैसला लिया गया।
पंजीकरण निलंबित किए जाने के बाद अब सेंट्रल बार एसोसिएशन के चुनाव को लेकर विवाद और गहरा गया है। पूरे मामले में बार काउंसिल के फैसले और आगे की कानूनी प्रक्रिया पर अधिवक्ता समुदाय की नजर बनी हुई है।


