वाराणसी। महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ के 48वें दीक्षांत समारोह का आयोजन मंगलवार को किया गया। समारोह में उत्तर प्रदेश की राज्यपाल एवं विश्वविद्यालय की कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं। इस दौरान उन्होंने विश्वविद्यालय की विभिन्न व्यवस्थाओं को लेकर मंच से ही प्रशासन पर नाराज़गी जताई।
राज्यपाल ने छात्रों द्वारा डिजी लॉकर का पर्याप्त उपयोग न किए जाने पर असंतोष व्यक्त करते हुए कहा कि डिजिटल सुविधाओं का अधिकतम लाभ छात्रों तक पहुंचाया जाना चाहिए। उन्होंने विश्वविद्यालय प्रशासन को इस दिशा में प्रभावी कदम उठाने के निर्देश दिए।
इसके अलावा, राज्यपाल ने छात्रावासों में छात्रों द्वारा स्वयं भोजन बनाए जाने की व्यवस्था पर भी नाराज़गी जाहिर की। उन्होंने कहा कि छात्रों को बेहतर और व्यवस्थित भोजन उपलब्ध कराना विश्वविद्यालय प्रशासन की जिम्मेदारी है।
आनंदीबेन पटेल ने निर्देश दिए कि छात्रावासों में अत्याधुनिक मेस की व्यवस्था विकसित की जाए, ताकि छात्रों को गुणवत्तापूर्ण, पौष्टिक और नियमित भोजन मिल सके तथा उन्हें स्वयं भोजन बनाने की आवश्यकता न पड़े।
दीक्षांत समारोह में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं, शिक्षकों और विश्वविद्यालय के अधिकारियों ने भाग लिया। इस अवसर पर विभिन्न संकायों के मेधावी विद्यार्थियों को उपाधियां और पदक भी प्रदान किए गए।


