– बीजेपी संगठन में अंदरखाने बड़ी सफाई की तैयारी
– पद की आड़ मे ज़मीनों पर कब्जे, बालू – मिट्टी खनन और बड़ी सख्या मे डंपर चलवाने वालों की छुट्टी तय
शरद कटियार
लखनऊ।उत्तर प्रदेश भाजपा संगठन में अब बड़ा राजनीतिक ऑपरेशन शुरू होने की तैयारियां तेज हो गई हैं। प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी संगठन की आड़ में सरकार और पार्टी की छवि खराब करने वाले नेताओं पर दबे पाँव सख्त कार्रवाई की तैयारी में जुटे हैं। सूत्रों के मुताबिक अंदरखाने ऐसे नेताओं की सूची तैयार की जा रही है जो पद का इस्तेमाल निजी लाभ, दबंगई और विवादित गतिविधियों के लिए कर रहे हैं। खासकर ऐसे पदाधिकारी जो मंत्रियों से गरीबी देखा ना बड़ी संख्या में डंपर चलवाने,जमीनो और मकानो पर कब्जे करवाने मे लिप्त रहे हैं।
भाजपा के अंदर चर्चा है कि कुछ बड़े पदों पर बैठे नेताओं और उनके करीबी समर्थकों पर डंपर संचालन, अवैध बालू-मिट्टी खनन, जमीन कब्जा और मकानों के सौदों में कथित हस्तक्षेप जैसे गंभीर आरोप लगातार संगठन तक पहुंच रहे थे। इससे सरकार की छवि प्रभावित होने की शिकायतें भी हाईकमान तक पहुंचीं। अब प्रदेश संगठन “क्लीन इमेज अभियान” के तहत ऐसे चेहरों पर नकेल कसने की रणनीति पर काम कर रहा है।
सूत्रों का दावा है कि संगठन में लंबे समय से मेहनत कर रहे जमीनी कार्यकर्ताओं को आगे लाने और विवादित नेताओं को किनारे करने का फार्मूला तैयार किया जा रहा है। पार्टी के भीतर यह संदेश तेजी से फैलाया जा रहा है कि भाजपा अब केवल सिफारिश और रसूख से नहीं बल्कि कार्यकर्ता आधारित संगठन मॉडल पर आगे बढ़ेगी।
राजनीतिक गलियारों में यह भी चर्चा है कि कई जिलों से संगठन के नाम पर अवैध वसूली, दबाव की राजनीति और प्रशासनिक हस्तक्षेप की शिकायतें लगातार मिल रही थीं। इससे नाराज प्रदेश नेतृत्व अब “जीरो टॉलरेंस” लाइन पर चलता दिखाई दे रहा है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में कई चर्चित चेहरों की संगठन से छुट्टी हो सकती है।
पंकज चौधरी लगातार संगठनात्मक बैठकों में कार्यकर्ताओं के सम्मान और पार्टी की साख को सर्वोपरि बता रहे हैं। भाजपा के अंदरूनी सूत्रों के अनुसार प्रदेश अध्यक्ष साफ संकेत दे चुके हैं कि जो नेता संगठन की ताकत बनेंगे, वही आगे बढ़ेंगे और जो पार्टी की छवि को नुकसान पहुंचाएंगे, उन्हें बाहर का रास्ता दिखाया जाएगा।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि 2027 मिशन से पहले भाजपा उत्तर प्रदेश में संगठन को नए सिरे से मजबूत करने की तैयारी में है। ऐसे में “दागी नेताओं की सफाई” और “मेहनतकश कार्यकर्ताओं को मौका” भाजपा की नई राजनीतिक रणनीति का अहम हिस्सा बन सकता है। फिलहाल प्रदेश भाजपा में इस संभावित महाअभियान को लेकर अंदरखाने हलचल तेज हो गई है।
दागियों की छुट्टी, कार्यकर्ताओं की एंट्री” पंकज चौधरी का महाअभियान


