प्रयागराज। चर्चित रवि काना रिहाई प्रकरण में निलंबित जेल अधिकारियों को बड़ी राहत मिली है। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने बांदा जेल से आरोपी को छोड़े जाने के मामले में कार्रवाई झेल रहे जेल अधीक्षक और जेलर की गिरफ्तारी पर अंतरिम रोक लगा दी है।
मामले में निलंबित जेल अधीक्षक अनिल कुमार गौतम और जेलर विक्रम सिंह यादव को अदालत से राहत मिली है। हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया है कि अगली सुनवाई तक दोनों की गिरफ्तारी नहीं की जाएगी, जिससे उन्हें अस्थायी सुरक्षा मिल गई है।
गौरतलब है कि बांदा जेल से कुख्यात आरोपी रवि काना को छोड़े जाने का मामला सामने आने के बाद प्रशासन ने कड़ी कार्रवाई करते हुए संबंधित अधिकारियों को निलंबित कर दिया था। इस पूरे प्रकरण में लापरवाही और नियमों के उल्लंघन के आरोप लगाए गए थे, जिसके बाद जांच तेज कर दी गई थी।
अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए फिलहाल गिरफ्तारी पर रोक लगाते हुए अगली सुनवाई की तारीख 27 मई तय की है। अब इस मामले की अगली सुनवाई में विस्तृत बहस होने की संभावना है, जहां दोनों पक्ष अपने-अपने तर्क रखेंगे।
इस फैसले के बाद प्रशासनिक और न्यायिक हलकों में हलचल तेज हो गई है, क्योंकि यह मामला जेल प्रशासन की कार्यप्रणाली और जवाबदेही से सीधे जुड़ा हुआ है। फिलहाल सभी की नजर आगामी सुनवाई पर टिकी हुई है, जहां मामले की दिशा तय होगी।
बांदा जेल रिहाई प्रकरण: निलंबित जेल अधिकारियों को हाईकोर्ट से अंतरिम राहत, गिरफ्तारी पर रोक


