लखनऊ। किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) में येलो फीवर के टीकाकरण कार्यक्रम में बदलाव किया गया है। नई व्यवस्था के अनुसार अब महीने के दूसरे शनिवार को येलो फीवर का टीका नहीं लगाया जाएगा। वर्तमान में यह टीका सोमवार, बृहस्पतिवार और शनिवार को लगाया जाता है, लेकिन दूसरे शनिवार को टीकाकरण सेवा उपलब्ध नहीं रहेगी।
यह बदलाव विशेष रूप से उन लोगों के लिए महत्वपूर्ण है जो येलो फीवर प्रभावित देशों की यात्रा करने की तैयारी कर रहे हैं। ऐसे यात्रियों को अब टीकाकरण के लिए नई समय-सारिणी का ध्यान रखना होगा, ताकि यात्रा से पहले समय पर टीका लगवाया जा सके।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार येलो फीवर के टीके की एक खुराक जीवन भर सुरक्षा प्रदान करती है। इसलिए विदेश यात्रा करने वाले लोगों के लिए समय पर टीकाकरण कराना जरूरी है। विभाग ने यात्रियों से अपील की है कि वे अपनी यात्रा से कम से कम दस दिन पहले यह टीका अवश्य लगवा लें, ताकि यात्रा तक इसका पूरा प्रभाव हो सके।
येलो फीवर एक गंभीर वायरल बीमारी है जो संक्रमित मच्छरों के काटने से फैलती है। यह रोग मुख्य रूप से अफ्रीका और दक्षिण अमेरिका के कई देशों में पाया जाता है। इस बीमारी से बचाव का सबसे प्रभावी उपाय टीकाकरण ही माना जाता है। कई देशों में प्रवेश के लिए येलो फीवर टीकाकरण का प्रमाण पत्र अनिवार्य भी होता है, इसलिए विदेश यात्रा करने वालों के लिए इसका टीका लगवाना आवश्यक है।


