शमशाबाद (फर्रुखाबाद)। थाना क्षेत्र के ग्राम पहाड़पुर बैरागढ़ में गुरुवार तड़के बिजली के शॉर्ट सर्किट से लगी भीषण आग में एक गरीब परिवार की पूरी गृहस्थी जलकर राख हो गई। आग की लपटों में फंसे दंपत्ति को ग्रामीणों ने कड़ी मशक्कत के बाद सुरक्षित बाहर निकाला। उधर वर्षों की मेहनत और गाढ़ी कमाई से जुटाया गया सामान जलता देख दंपत्ति दहाड़े मारकर रो पड़े, जिससे मौके पर मौजूद लोगों की आंखें भी नम हो गईं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम पहाड़पुर बैरागढ़ निवासी गिरीश चंद्र पुत्र द्वारका प्रसाद के घर गुरुवार सुबह तड़के अचानक आग लग गई। उस समय परिवार के लोग गहरी नींद में सो रहे थे। बताया जाता है कि अचानक धुआं और गर्मी का एहसास होने पर दंपत्ति की आंख खुली। जब उन्होंने बाहर का नजारा देखा तो उनके होश उड़ गए। झोपड़ी और उसमें रखा पूरा सामान धू-धू कर जल रहा था।
घटना के बाद दंपत्ति ने शोर मचाया तो आसपास के ग्रामीण मौके पर दौड़ पड़े। अचानक आई इस मुसीबत की घड़ी में लोगों ने आपसी मतभेद भुलाकर मानवता का परिचय दिया। ग्रामीणों ने पहले आग की लपटों के बीच फंसे दंपत्ति को सुरक्षित बाहर निकाला, फिर समर और अन्य साधनों से आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। हालांकि आग इतनी भयानक थी कि कुछ ही देर में झोपड़ी और उसमें रखा अधिकांश सामान जलकर राख हो गया।
गृहस्वामी के अनुसार आगजनी की इस घटना में लगभग चार हजार रुपये की नगदी, एक मोटरसाइकिल, दो साइकिलें, झोपड़ी में रखा दो बीघा खेत में पैदा हुआ आलू, छोटे-बड़े दो ड्रम, रजाई-गद्दे, बिस्तर, चारपाई, पहनने के कपड़े, खाने-पीने का राशन जैसे गेहूं-चावल तथा पशुओं का चारा और भूसा भी जलकर खाक हो गया।
आगजनी की इस घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया। अपनी आंखों के सामने पूरी गृहस्थी जलती देख गृहस्वामी गिरीश चंद्र दहाड़ मारकर रोने लगे, वहीं उनकी पत्नी भी हालात देखकर फूट-फूटकर रोती रही।
बताया जा रहा है कि आग लगने का कारण बिजली का शॉर्ट सर्किट था। घटना की सूचना पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को दी गई। वहीं जानकारी मिलते ही क्षेत्र के कुछ गणमान्य लोग भी मौके पर पहुंचे और पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाते हुए हरसंभव मदद का भरोसा दिया।


