बदायूं में अखिल भारतीय आंगनबाड़ी कर्मचारी महासभा के जिला अध्यक्ष राजेश कुमार सक्सेना को पुलिस ने नजरबंद कर दिया। बताया जा रहा है कि वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के आदेश पर 7 मार्च की शाम करीब सात बजे से उन्हें उनके आवास पर ही रोक दिया गया। इस कार्रवाई के बाद जिले की आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं में नाराजगी और आक्रोश देखने को मिल रहा है।
जानकारी के मुताबिक आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने मानदेय बढ़ाने समेत विभिन्न मांगों को लेकर 29 जनवरी 2026 को सरकार को अल्टीमेटम दिया था। कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी थी कि यदि उनकी मांगों पर कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया तो 8 मार्च को अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर इको गार्डन, लखनऊ में प्रदेश के 75 जिलों की आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एकत्र होकर धरना-प्रदर्शन करेंगी।
संभावित प्रदर्शन और लखनऊ कूच की आशंका को देखते हुए पुलिस ने एहतियातन कार्रवाई करते हुए जिला अध्यक्ष राजेश कुमार सक्सेना को उनके घर पर ही नजरबंद कर दिया। पुलिस की इस कार्रवाई के बाद संगठन से जुड़ी कार्यकर्ताओं में नाराजगी बढ़ गई है और उन्होंने इसे आंदोलन को दबाने की कोशिश बताया है।
आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का आरोप है कि सरकार लगातार उन पर नए-नए कार्यों का बोझ डाल रही है, लेकिन मानदेय बढ़ाने के मामले में अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। उनका कहना है कि योगी आदित्यनाथ द्वारा कई बार सदन में मानदेय बढ़ाने की घोषणा की जा चुकी है, लेकिन इसे अब तक लागू नहीं किया गया। कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द निर्णय नहीं हुआ तो वे अपनी मांगों को लेकर आंदोलन तेज करेंगी।


