मुरादाबाद| सिविल लाइंस क्षेत्र में एटीएम लूट की वारदात को अंजाम देने वाले गिरोह और पुलिस के बीच मंगलवार तड़के मुठभेड़ हो गई। पुलिस ने इस गैंग के पांच सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया, जबकि दो बदमाश तंजीम और मतीम के पैरों में गोली लगने से घायल हो गए। दोनों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस के अनुसार पकड़े गए आरोपियों में एक रिटायर्ड फौजी भी शामिल है, जिसने गैंग के साथ मिलकर वारदात को अंजाम देने में अहम भूमिका निभाई। पुलिस ने इनके कब्जे से तीन लाख रुपये नकद, वारदात में प्रयुक्त कार, तमंचे, कारतूस और कई अन्य उपकरण बरामद किए हैं। अधिकारियों ने बताया कि गिरोह के बाकी नेटवर्क और चैन को भी खंगाला जा रहा है।
यह वही गैंग है जिसने 24 नवंबर की देर रात करीब तीन बजे सिविल लाइंस क्षेत्र के लोकोशेड पुल के पास स्थित पंजाब नेशनल बैंक के एटीएम को फिल्मी स्टाइल में उखाड़कर सात लाख रुपये की नकदी के साथ फरार हो गए थे। बदमाशों ने पहले सीसीटीवी कैमरों पर स्प्रे किया और कैमरे बंद होने के बाद एटीएम मशीन को उखाड़ लिया। अगले दिन सुबह करीब दस बजे जब पीएनबी लोकोशेड आईसीडी शाखा के मैनेजर मिंटू कुमार एटीएम बूथ पहुंचे तो उन्होंने पाया कि मशीन पूरी तरह गायब है। जांच में खुलासा हुआ कि एटीएम में सात लाख रुपये की नकदी थी, जबकि मैनेजर के अनुसार मशीन में कुल आठ लाख रुपये भरे गए थे और मशीन की कीमत करीब साढ़े पांच लाख रुपये है। वारदात की सूचना पर एसपी सिटी कुमार रण विजय सिंह और सीओ सिविल लाइंस कुलदीप गुप्ता पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचकर जांच में जुट गए थे।
एटीएम मशीन उखाड़ने के बाद बदमाश उसे 42 किलोमीटर दूर अमरोहा जिले के रजबपुर क्षेत्र में फेंककर फरार हो गए थे। पुलिस की कई टीमें लगातार गिरोह की तलाश कर रही थीं और तकनीकी जांच के आधार पर आरोपियों की लोकेशन ट्रेस कर उन्हें पकड़ लिया गया। जांच से यह भी पता चला कि गिरोह ने इससे पहले गलशहीद क्षेत्र के गांधी नगर में स्थित एक अन्य एटीएम को उखाड़ने की कोशिश की थी, लेकिन वहां सफलता न मिलने पर उन्होंने सिविल लाइंस क्षेत्र में बिना गार्ड वाले पीएनबी एटीएम को निशाना बनाया। पुलिस गिरोह के अन्य सदस्यों, सप्लाई नेटवर्क और पुरानी आपराधिक गतिविधियों की जांच में जुटी है।






