लखनऊ: उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग (Uttar Pradesh State Women’s Commission) में अक्टूबर 2020 से सेवा कर रहीं अंजू प्रजापति (Anju Prajapati) का कार्यकाल बढ़ाया गया है। लगातार पांचवीं बार जिम्मेदारी मिलने पर उन्होंने इसे महिलाओं की सेवा के प्रति अपनी जिम्मेदारी को और मजबूती से निभाने का अवसर बताते हुए शीर्ष नेतृत्व के प्रति आभार जताया।
अपने कार्यकाल के दौरान अंजू प्रजापति ने 50 से अधिक जनपदों का प्रवास कर ग्रामीण एवं दूरदराज क्षेत्रों की महिलाओं से सीधे संवाद किया। महिला सुरक्षा, न्याय, अधिकार और सशक्तिकरण से जुड़े मामलों में जनसुनवाई के साथ उन्होंने महिलाओं की समस्याओं को मौके पर जाकर समझने और उनके समाधान के लिए आवश्यक प्रयास किए।
उन्होंने कहा कि उनका प्रयास रहा है कि कोई भी पीड़ित महिला खुद को अकेला न समझे। उसकी बात संवेदनशीलता से सुनी जाए और नियमानुसार न्याय, सुरक्षा एवं सम्मान के लिए हरसंभव प्रयास किया जाए। साथ ही पात्र महिलाओं को सरकारी योजनाओं से जोड़ने तथा आत्मनिर्भरता और स्वावलंबन के अवसर उपलब्ध कराने पर भी उन्होंने जोर दिया।
अंजू प्रजापति ने कहा, “महिला आयोग की जिम्मेदारी मेरे लिए केवल एक पद नहीं, बल्कि सेवा का दायित्व है। हर पीड़ित महिला के लिए मैं एक बहन और बेटी की तरह उसके साथ खड़े होने का प्रयास करती हूं।” उन्होंने कहा कि आगे भी महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा, अधिकार और सशक्तिकरण के लिए जमीनी स्तर पर कार्य जारी रहेगा।


