23.2 C
Lucknow
Sunday, September 27, 2026

66 साल बाद फर्रुखाबाद में बारिश का नया रिकॉर्ड!

Must read

 

– 24 घंटे में 224 मिमी पानी, 1960 के 198 मिमी के पुराने रिकॉर्ड से आगे निकली अतिवृष्टि

फर्रुखाबाद। जिले में पिछले दो दिनों से जारी मूसलाधार बारिश ने सितंबर के मौसम का मिजाज ही बदल दिया है। फतेहगढ़ में 24 घंटे के दौरान 224 मिमी बारिश दर्ज की गई, जबकि कायमगंज में भी करीब 210 मिमी वर्षा हुई। मौसम के इस कहर ने जनजीवन के साथ खेती-किसानी को भी बुरी तरह प्रभावित किया है।
फर्रुखाबाद के उपलब्ध दीर्घकालीन वर्षा रिकॉर्ड के अनुसार 3 अक्टूबर 1960 को 24 घंटे में 198 मिमी बारिश दर्ज की गई थी। 1940 से 2025 तक के उपलब्ध रिकॉर्ड में यही फर्रुखाबाद का सबसे अधिक दैनिक वर्षा वाला दिन बताया गया है।
ऐसे में 2026 में फतेहगढ़ में दर्ज 224 मिमी बारिश, 1960 के 198 मिमी के मुकाबले 26 मिमी अधिक है। यानी उपलब्ध रिकॉर्ड की तुलना में इस बार एक दिन में करीब 13 प्रतिशत ज्यादा बारिश हुई है।
फर्रुखाबाद के पुराने जिला गजेटियर में 7 अक्टूबर 1927 को कन्नौज में 304.8 मिमी बारिश का उल्लेख मिलता है। उस समय कन्नौज पुराने फर्रुखाबाद जिले का हिस्सा था। इसलिए यह आंकड़ा ऐतिहासिक जिले के संदर्भ में महत्वपूर्ण है, लेकिन इसे आज के फर्रुखाबाद जिले के मौसम केंद्र के सीधे रिकॉर्ड के बराबर रखना उचित नहीं होगा।
मौसम विभाग से जुड़े आंकड़ों के अनुसार उत्तर प्रदेश में इस दौर की बारिश कई जिलों के लिए असाधारण रही। 24 घंटे में लखीमपुर खीरी के मोहम्मदी में 342 मिमी, सीतापुर में 273.2 मिमी, बहराइच में 239 मिमी, बांदा में 227.6 मिमी, फर्रुखाबाद में 224 मिमी और हरदोई में 214 मिमी बारिश दर्ज की गई।
रिपोर्ट के अनुसार प्रदेश में महज दो दिनों में सितंबर की सामान्य बारिश के मुकाबले कई गुना वर्षा हुई। फर्रुखाबाद सहित पश्चिमी और मध्य उत्तर प्रदेश के अनेक जिलों में यह इस मानसून की सबसे अधिक एकदिनी बारिश में शामिल रही।
लगातार बारिश और तेज हवाओं से धान समेत खरीफ की फसलों को नुकसान की आशंका बढ़ गई है। खेतों में पानी भरने और फसल गिरने से किसानों की परेशानी बढ़ी है। प्रशासन को प्रभावित क्षेत्रों में जलभराव, मकानों और फसलों को हुए नुकसान का आकलन करने के निर्देश दिए गए हैं।

Must read

More articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Latest article