75 जिलाध्यक्षों के साथ बैठक
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव को लेकर बहुजन समाज पार्टी ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। बसपा सुप्रीमो मायावती ने सोमवार को लखनऊ स्थित प्रदेश कार्यालय में सभी 75 जिलों के जिलाध्यक्षों और वरिष्ठ पदाधिकारियों के साथ बैठक कर संगठन की स्थिति, चुनावी तैयारियों और संभावित रणनीति की विस्तृत समीक्षा की।
बैठक में बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने, एसआईआर के बाद पोलिंग बूथ कमेटियों के पुनर्गठन, संगठन की आर्थिक मजबूती और संभावित प्रत्याशियों के चयन को लेकर चर्चा हुई। मायावती ने पिछले संगठनात्मक सम्मेलनों में दिए गए निर्देशों की प्रगति रिपोर्ट भी ली और लंबित कार्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए।
मायावती ने पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं से विरोधी दलों के छल, प्रलोभन, दबाव और भेदभाव से जनता को सतर्क करने की अपील की। उन्होंने कहा कि चुनाव के समय मतदाताओं को प्रभावित करने के लिए तरह-तरह के लुभावने वादे और घोषणाएं की जाती हैं। कार्यकर्ता जनता को ऐसे चुनावी हथकंडों के प्रति जागरूक करें और स्वतंत्र एवं निष्पक्ष मतदान के लिए प्रेरित करें।
बसपा प्रमुख ने महंगाई, बेरोजगारी, गरीबी और पलायन जैसे मुद्दों को भी प्रमुखता से उठाया। उन्होंने कहा कि सरकारों को केवल घोषणाओं तक सीमित रहने के बजाय जनता की बुनियादी समस्याओं के स्थायी समाधान पर ध्यान देना चाहिए। बैठक में कई विधानसभा क्षेत्रों में संभावित प्रत्याशियों और सामाजिक समीकरणों पर भी मंथन किया गया।
मायावती ने पार्टी के संस्थापक कांशीराम के नौ अक्टूबर को होने वाले परिनिर्वाण दिवस कार्यक्रम की तैयारियों की भी जानकारी ली। उन्होंने कार्यक्रम को व्यापक स्तर पर आयोजित करने और अधिक से अधिक कार्यकर्ताओं की भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक को बसपा के मिशन-2027 के लिए संगठन को जमीनी स्तर पर सक्रिय करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।


