लखनऊ। राजधानी के विकास को नई रफ्तार देने के लिए रविवार को रक्षामंत्री राजनाथ सिंह और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ छावनी में करीब 101 करोड़ रुपये की 12 विकास परियोजनाओं का शिलान्यास किया। इनमें जलापूर्ति, जल निकासी, शिक्षा, खेल, स्वच्छता, पार्किंग और नागरिक सुविधाओं से जुड़ी योजनाएं शामिल हैं।
राष्ट्र प्रेरणा स्थल के पास वीरांगना अवंती बाई लोधी की प्रतिमा का भी अनावरण किया गया। योगी ने कहा कि लखनऊ अपनी विरासत को सुरक्षित रखते हुए आधुनिक और स्मार्ट शहर के रूप में आगे बढ़ रहा है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में 17 घरेलू और पांच अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे संचालित हैं। एक्सप्रेसवे, रेलवे, मेट्रो और हवाई संपर्क का विस्तार हुआ है। लखनऊ मेट्रो के दूसरे चरण का काम भी जल्द गति पकड़ेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस वर्ष के अंत तक गोमती नदी को पूरी तरह स्वच्छ बनाने का लक्ष्य है। लखनऊ छावनी को आदर्श छावनी परिषद के रूप में विकसित किया जाएगा। उन्होंने स्नातक अंतिम वर्ष की 50 हजार बेटियों को महारानी लक्ष्मीबाई के नाम पर स्कूटी देने की घोषणा की।
राजनाथ सिंह ने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार की सोच एक दिशा में होने से विकास की गति कई गुना बढ़ी है। छावनी में एआई आधारित ठोस कचरा प्रबंधन संयंत्र, जल निकासी, विद्यालयों के सुधार, रोबोटिक पार्किंग, खेल परिसर और आधुनिक शौचालय जैसी योजनाएं शुरू होंगी। बच्चों के लिए मुख्यमंत्री अभ्युदय कोचिंग भी शुरू की गई है।
कार्यक्रम में योगी ने सपा पर भी हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि जयप्रकाश नारायण अंतरराष्ट्रीय केंद्र के लिए करीब 200 करोड़ रुपये की योजना में 864 करोड़ रुपये खर्च होने के बावजूद काम अधूरा रहा। उन्होंने कहा कि परियोजना अब एलडीए को सौंप दी गई है और सरकारी धन की वसूली की जाएगी। योगी ने सपा को दंगों और कर्फ्यू की राजनीति से जोड़ते हुए कहा कि भाजपा सरकार माफिया, भ्रष्टाचार और बेईमानी के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही है।
राजनाथ सिंह ने कहा कि प्रदेश में कानून-व्यवस्था और महिलाओं की सुरक्षा में बड़ा बदलाव आया है। उन्होंने योगी सरकार की तुलना कल्याण सिंह के शासन से करते हुए कहा कि महिलाओं की सुरक्षा को लेकर सरकार गंभीर है।


