टीबी से ग्रसित मरीज को मास्क लगाकर आने की बात कहने पर हुआ विवाद, दोनों पक्षों ने सीएमएस को दी तहरीर; जांच के लिए गठित हुई टीम
फर्रुखाबाद। डॉ. राम मनोहर लोहिया चिकित्सालय की पैथोलॉजी लैब में शुक्रवार को मास्क लगाने की बात को लेकर मरीज और लैब टेक्नीशियन के बीच विवाद हो गया। देखते ही देखते कहासुनी ने मारपीट का रूप ले लिया। घटना से अस्पताल परिसर में हड़कंप मच गया। सूचना मिलने पर मरीज के परिजन और पैथोलॉजी लैब का स्टाफ मौके पर एकत्रित हो गया।
जानकारी के अनुसार मसेनी नगला निवासी सुभाष पाल की पुत्री शिवांगी, जो टीबी से ग्रसित बताई जा रही है, जांच कराने के लिए डॉ. राम मनोहर लोहिया चिकित्सालय की पैथोलॉजी लैब पहुंची थी। उसके साथ उसकी बड़ी बहन रजनी भी मौजूद थी। इसी दौरान लैब में तैनात लैब टेक्नीशियन शबनम ने शिवांगी से मास्क लगाकर आने को कहा। इसी बात को लेकर दोनों के बीच कहासुनी शुरू हो गई।
देखते ही देखते विवाद बढ़ गया और दोनों पक्षों के बीच मारपीट होने लगी। घटना की जानकारी मिलते ही शिवांगी के परिजन भी अस्पताल पहुंच गए। वहीं पैथोलॉजी लैब का पूरा स्टाफ भी मौके पर एकत्रित हो गया, जिससे स्थिति तनावपूर्ण हो गई।
मामले की सूचना मिलने पर अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. जगमोहन शर्मा मौके पर पहुंचे। इसके साथ ही लैब प्रभारी अमृता सिंह भी वहां पहुंच गईं। अधिकारियों ने दोनों पक्षों को समझाकर किसी तरह मामले को शांत कराया।
बताया गया कि घटना के संबंध में दोनों पक्षों की ओर से मुख्य चिकित्सा अधीक्षक को तहरीर दी गई है। मामले को गंभीरता से लेते हुए सीएमएस डॉ. जगमोहन शर्मा ने जांच के लिए एक टीम गठित करने की बात कही है। उन्होंने बताया कि घटना के संबंध में अस्पताल में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जाएगी।
सीएमएस ने कहा कि जांच के दौरान सीसीटीवी फुटेज और अन्य तथ्यों के आधार पर जिसकी भी गलती सामने आएगी, उसे दोषी माना जाएगा और नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
वहीं मरीज शिवांगी के पिता सुभाष पाल ने आरोप लगाया कि अस्पताल कर्मचारियों ने उनकी पुत्री के साथ अभद्रता की और उसके साथ मारपीट की। उन्होंने मामले में निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई किए जाने की मांग की है।
मास्क लगाने को लेकर पैथोलॉजी लैब में मरीज और लैब टेक्नीशियन भिड़े, जमकर हुई मारपीट


