74 किमी जेवर लिंक एक्सप्रेसवे, फसल बीमा, घुमंतू विकास बोर्ड और मदरसा कानून संशोधन को मंजूरी
लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई उत्तर प्रदेश मंत्रिपरिषद (कैबिनेट) की बैठक में प्रदेश के विकास, बुनियादी ढांचे, कृषि, शिक्षा, श्रम और प्रशासनिक सुधारों से जुड़े 21 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। कैबिनेट ने जेवर एयरपोर्ट को गंगा एक्सप्रेसवे से जोड़ने वाले नए एक्सप्रेसवे, किसानों के लिए फसल बीमा योजना, घुमंतू विकास बोर्ड के गठन, मदरसा शिक्षा परिषद अधिनियम में संशोधन और वित्तीय वर्ष 2026-27 के अनुपूरक अनुदान समेत कई अहम फैसलों पर मुहर लगाई।
74 किलोमीटर का जेवर लिंक एक्सप्रेसवे बनेगा
कैबिनेट ने जेवर अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट से गंगा एक्सप्रेसवे (बुलंदशहर मार्ग) तक 74.467 किलोमीटर लंबे छह लेन ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे के निर्माण को मंजूरी दी। भविष्य में इसे आठ लेन तक विस्तारित किया जा सकेगा। इस परियोजना से पश्चिमी उत्तर प्रदेश की कनेक्टिविटी मजबूत होगी और औद्योगिक व आर्थिक गतिविधियों को नई गति मिलेगी।
प्रयागराज-चित्रकूट क्षेत्रीय विकास प्राधिकरण का गठन
प्रयागराज और चित्रकूट मंडल के समन्वित एवं सुनियोजित विकास के लिए प्रयागराज-चित्रकूट क्षेत्रीय विकास प्राधिकरण के गठन को मंजूरी दी गई। सरकार का उद्देश्य धार्मिक, पर्यटन और औद्योगिक विकास को एक साथ बढ़ावा देना है।
सात स्थानों पर बनेंगे बहुउद्देशीय हब
लोक निर्माण विभाग की भूमि को आवास एवं शहरी नियोजन विभाग को निःशुल्क हस्तांतरित कर प्रदेश के सात प्रमुख स्थानों पर बहुउद्देशीय हब विकसित किए जाएंगे। वहीं लखनऊ और नोएडा में अत्याधुनिक यू-हब स्थापित कर स्टार्टअप और नवाचार को प्रोत्साहित किया जाएगा।
घुमंतू विकास बोर्ड के गठन को मंजूरी
कैबिनेट ने विमुक्त, घुमंतू और अर्ध-घुमंतू समुदायों के सामाजिक एवं आर्थिक उत्थान के लिए उत्तर प्रदेश घुमंतू विकास बोर्ड के गठन को स्वीकृति दी। इसके माध्यम से इन समुदायों के लिए विशेष कल्याणकारी योजनाएं संचालित की जाएंगी।
विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना 2.0 लागू
सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम विभाग की विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना 2.0 के दिशा-निर्देशों में संशोधन और नए वित्तीय प्रावधानों को मंजूरी दी गई। इसके अलावा एचसीएल फाउंडेशन के सहयोग से संचालित समुदाय परियोजना को अगले पांच वर्षों के लिए बढ़ा दिया गया।
किसानों के लिए फसल बीमा योजना जारी
कैबिनेट ने खरीफ 2026 और रबी 2026-27 के लिए पूरे प्रदेश में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना और पुनर्गठित मौसम आधारित फसल बीमा योजना लागू करने की मंजूरी दी। इससे प्राकृतिक आपदाओं और मौसम की मार से किसानों को आर्थिक सुरक्षा मिलेगी।
मदरसा कानून में संशोधन और श्रम नियमावली लागू
सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के अनुरूप उत्तर प्रदेश मदरसा शिक्षा परिषद अधिनियम, 2004 में प्रथम संशोधन को मंजूरी दी गई। साथ ही उत्तर प्रदेश मजदूरी संहिता नियमावली-2026 लागू करने तथा भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार संशोधन विधेयक-2020 को केंद्र सरकार से वापस लेने पर सहमति दी गई।
खनन, आबकारी और इलेक्ट्रॉनिक्स क्षेत्र में फैसले
कैबिनेट ने राज्य संपत्ति विभाग, भूतत्त्व एवं खनिकर्म सेवा नियमावली में संशोधन को मंजूरी दी। उत्तर प्रदेश शीरा नियंत्रण (संशोधन) विधेयक-2026 को विधानमंडल में पेश करने का निर्णय लिया गया। साथ ही इलेक्ट्रॉनिक्स निर्माण नीति के तहत आइक्यो सॉल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड को व्यावसायिक संचालन तिथि में छूट देने की स्वीकृति भी दी गई।
अनुपूरक बजट और सीएजी रिपोर्ट को भी मंजूरी
कैबिनेट ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के अनुपूरक अनुदान और विनियोग विधेयक को मंजूरी दी। साथ ही भारत के नियंत्रक एवं महालेखापरीक्षक (सीएजी) की राज्य वित्त, मनरेगा, जल जीवन मिशन, सिविल और राजस्व ऑडिट से संबंधित रिपोर्टों को राज्यपाल की अनुमति के बाद विधानमंडल में प्रस्तुत करने का निर्णय लिया गया।
कैबिनेट के इन फैसलों को प्रदेश में आधारभूत ढांचे के विस्तार, किसानों के हित, रोजगार, सामाजिक कल्याण और प्रशासनिक सुधारों की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।


