लखनऊ। इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने न्यायालय के आदेशों का पालन न किए जाने के मामले में हरदोई के बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) के प्रति कड़ा रुख अपनाया है। कोर्ट ने बीएसए को 6 अगस्त तक व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होने का निर्देश देते हुए उन्हें मामले में पक्षकार बनाने का आदेश दिया है।
यह आदेश अंकित कुमार द्वारा दायर जनहित याचिका पर सुनवाई के दौरान पारित किया गया। सुनवाई में अदालत के संज्ञान में आया कि पूर्व में दिए गए न्यायालय के निर्देशों का समुचित पालन नहीं किया गया। इस पर कोर्ट ने नाराजगी जताते हुए बीएसए को तलब कर लिया।
मामले में यह भी सामने आया कि जिलाधिकारी हरदोई ने बीएसए को जांच अधिकारी नामित किया था। जांच 4 अगस्त 2025 को पूरी कर रिपोर्ट तैयार कर ली गई थी, लेकिन उसे संबंधित प्राधिकरण अथवा न्यायालय के समक्ष समय पर प्रस्तुत नहीं किया गया। इसी को लेकर अदालत ने जवाब तलब किया है।
लखनऊ पीठ ने मामले में संबंधित पक्षकारों पर 30 हजार रुपये का हर्जाना भी लगाया है। साथ ही स्पष्ट किया कि न्यायालय के आदेशों की अवहेलना को गंभीरता से लिया जाएगा और मामले की अगली सुनवाई पर बीएसए को व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होकर अपना पक्ष रखना होगा।


