33.3 C
Lucknow
Thursday, July 30, 2026

प्रयागराज ITI परीक्षा घोटाले का भंडाफोड़, principal समेत 11 गिरफ्तार, 4 हजार रुपये लेकर बैठाते थे सॉल्वर

Must read

प्रयागराज: यूपी एसटीएफ ने राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (ITI) नैनी में चल रही अखिल भारतीय व्यावसायिक सीबीटी परीक्षा (Indian Vocational CBT Examination) में बड़े फर्जीवाड़े का पर्दाफाश किया है। एसटीएफ ने छापेमारी कर संस्थान के principal, परीक्षा प्रभारी, चार अनुदेशकों और पांच सॉल्वरों समेत कुल 11 लोगों को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि गिरोह कमजोर अभ्यर्थियों से प्रति छात्र 4 हजार रुपये लेकर उनकी जगह सॉल्वर बैठाकर ऑनलाइन परीक्षा दिलाता था। सॉल्वरों को इसके बदले 500 रुपये दिए जाते थे।

एसटीएफ को कई दिनों से परीक्षा में धांधली की सूचना मिल रही थी। 29 जुलाई को तीसरी पाली की परीक्षा के दौरान नैनी स्थित कौशल विकास भवन में छापा मारकर सॉल्वरों को दूसरे अभ्यर्थियों की जगह परीक्षा देते हुए पकड़ा गया। पूछताछ में सामने आया कि परीक्षा केंद्र के कुछ कर्मचारी ही प्रवेश पत्र, लॉगिन और सीटिंग की व्यवस्था कराते थे। वसूली गई रकम का परीक्षा के बाद आपस में बंटवारा किया जाता था। आरोपियों ने पूछताछ में यह भी दावा किया कि कुछ धनराशि उच्च अधिकारियों तक पहुंचाई जाती थी, जिसकी जांच की जा रही है।

एसटीएफ ने मौके से 5.10 लाख रुपये नकद, पांच कंप्यूटर सिस्टम, छह मोबाइल फोन, 67 परीक्षा संबंधी दस्तावेज, आधार व पैन कार्ड, एटीएम कार्ड और अन्य सामान बरामद किया है। पूछताछ में धीरंजन कुमार नामक अनुदेशक का नाम पूरे रैकेट के मुख्य संचालक के रूप में सामने आया है, जो वर्तमान में आईटीआई बांदा में तैनात है और फरार है, उसके खिलाफ भी कार्रवाई की जा रही है।

गिरफ्तार आरोपियों में प्रधानाचार्य अशोक कुमार, परीक्षा प्रभारी रवि प्रकाश, अनुदेशक फूल प्रकाश, धीरज कुमार शर्मा, राजेश कुमार, राजकुमार मौर्या तथा सॉल्वर शिवम कुमार, रणविजय सिंह, जय सिंह, दिलीप कुमार पटेल और जितेंद्र पटेल शामिल हैं। सभी के खिलाफ नैनी थाने में भारतीय न्याय संहिता और उत्तर प्रदेश सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों का निवारण) अधिनियम-2024 के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

 

Must read

More articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Latest article