– पेट्रोल पंपों पर ग्राहकों को दी जाए स्पष्ट जानकारी: विकास राजपूत
फर्रुखाबाद। भाजपा नेता विकास राजपूत ने पेट्रोल और डीजल में एथेनॉल एवं आइसोब्यूटेनॉल मिश्रण को लेकर केंद्र सरकार से पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि उपभोक्ताओं को ईंधन की गुणवत्ता और उसमें मिलाए गए मिश्रण की सटीक जानकारी मिलना उनका अधिकार है। इसके लिए पेट्रोलियम मंत्रालय सभी पेट्रोल पंपों को स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी करे।
विकास राजपूत ने मांग की कि प्रत्येक पेट्रोल और डीजल नोजल पर बड़े एवं स्पष्ट अक्षरों में यह अंकित किया जाए कि ईंधन में कितना प्रतिशत एथेनॉल अथवा आइसोब्यूटेनॉल मिश्रित है। साथ ही प्रत्येक पेट्रोल पंप पर एक सूचना पट्ट भी लगाया जाए, जिस पर मिश्रण से संबंधित अद्यतन जानकारी उपलब्ध हो, ताकि उपभोक्ता पूरी जानकारी के साथ ईंधन खरीद सकें।
उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में अधिकांश वाहन चालकों को यह जानकारी नहीं होती कि उन्हें दिए जा रहे पेट्रोल में कितना प्रतिशत एथेनॉल मिलाया गया है। जानकारी के अभाव में भ्रम की स्थिति उत्पन्न हो रही है और सोशल मीडिया पर भी इस विषय को लेकर विभिन्न प्रकार की चर्चाएं एवं विरोध देखने को मिल रहे हैं। ऐसे में सरकार और तेल विपणन कंपनियों को तथ्यात्मक जानकारी सार्वजनिक कर लोगों की शंकाओं का समाधान करना चाहिए।
भाजपा नेता ने सुझाव दिया कि यदि मिश्रित ईंधन के उपयोग से वाहनों पर किसी प्रकार के तकनीकी प्रभाव की संभावना है, तो इसे पहले सीमित स्तर पर किसी एक शहर या राज्य में परीक्षण के रूप में लागू किया जाए। परीक्षण के परिणाम संतोषजनक मिलने के बाद ही इसे व्यापक स्तर पर लागू किया जाए, जिससे आम लोगों को संभावित आर्थिक नुकसान या तकनीकी समस्याओं से बचाया जा सके।
उन्होंने कहा कि सरकार की प्रत्येक नीति का उद्देश्य जनहित होना चाहिए। यदि किसी नीति को लेकर जनता के बीच भ्रम, आशंका या आलोचना की स्थिति बन रही है, तो उस पर गंभीरता से विचार करना आवश्यक है। उन्होंने केंद्र सरकार से अपील की कि ईंधन में एथेनॉल और आइसोब्यूटेनॉल मिश्रण को लेकर पूरी पारदर्शिता अपनाई जाए तथा उपभोक्ताओं के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए।
विकास राजपूत ने कहा कि जागरूकता, स्पष्ट सूचना और पारदर्शी व्यवस्था से ही जनता का विश्वास मजबूत होगा तथा सरकार की नीतियों का उद्देश्य भी प्रभावी ढंग से पूरा हो सकेगा।


