लखनऊ। समिट बिल्डिंग में संचालित फर्जी कॉल सेंटर मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। मामले के मास्टरमाइंड विनीत शर्मा को क्राइम ब्रांच ने पश्चिम बंगाल से गिरफ्तार कर लिया है। उसके साथ उसके एक पार्टनर समेत दो अन्य आरोपियों को भी हिरासत में लिया गया है।
जांच के अनुसार, आरोपी लंबे समय से फर्जी कॉल सेंटर के जरिए कथित साइबर ठगी के नेटवर्क का संचालन कर रहे थे। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि ठगी से प्राप्त रकम को रूस और चीन के माध्यम से हवाला नेटवर्क के जरिए भारत लाया जाता था। अब जांच एजेंसियां इस अंतरराष्ट्रीय वित्तीय नेटवर्क की भी पड़ताल कर रही हैं।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, फरारी के दौरान विनीत शर्मा अपनी एक महिला मित्र के संपर्क में था और उसी के माध्यम से अपनी गतिविधियों को संचालित कर रहा था। इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों, बैंक खातों और डिजिटल लेन-देन की गहन जांच की जा रही है।
क्राइम ब्रांच आरोपियों से पूछताछ कर यह पता लगाने में जुटी है कि इस गिरोह से और कौन-कौन लोग जुड़े थे, कितने लोगों को ठगी का शिकार बनाया गया और हवाला नेटवर्क के माध्यम से कितनी धनराशि का लेन-देन किया गया। मामले में आगे भी कई अहम खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।


