नई दिल्ली: दिल्ली (Delhi) के शाहदरा रेलवे स्टेशन (Shahdara Railway Station) पर एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जहां योग एक्सप्रेस में चढ़ने को लेकर हुए झगड़े में 32 साल के एक व्यक्ति की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। वहीं इस दौरान RPF कर्मी और लोग सिर्फ तमाशा देखते रहे। पुलिस ने मुजफ्फरनगर (Muzaffarnagar) से चार नाबालिगों सहित आठ आरोपियों को दिल्ली मेट्रो कर्मी पंकज धामा की हत्या के जुर्म में गिरफ्तार कर लिया है।
शाहदरा रेलवे पर शनिवार सुबह ट्रेन में चढ़ने के दौरान कहासुनी पर कुछ युवकों ने दिल्ली मेट्रो कर्मी की पीटकर हत्या कर दी। आरोपित ट्रेन में चढ़कर फरार हो गए। शाहदरा रेलवे स्टेशन पर शनिवार सुबह योग एक्सप्रेस का ठहराव महज दो मिनट का था, लेकिन यही दो मिनट दिल्ली मेट्रो के गार्ड पंकज धामा की जिंदगी पर भारी पड़ गए। शनिवार सुबह ट्रेन में चढ़ने के दौरान कहासुनी पर कुछ युवकों ने दिल्ली मेट्रो कर्मी की पीटकर हत्या कर दी।
वहां पर मौजूद लोगों का आरोप है कि घटना के दौरान RPF जवान वहीं मौजूद था, लेकिन उसने युवक को बचाने और आरोपितों को पकड़ने के उचित प्रयास नहीं किए। ट्रेन में उतरने के दौरान शुरू हुआ विवाद देखते ही देखते हिंसक मारपीट में बदल गया। आरोपियों ने पंकज को लात-घूंसों से पीटने के बाद उसी ट्रेन में सवार होकर फरार हो गए।
पिटाई के बाद युवक को जीटीबी अस्पताल में भर्ती करवाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मूलरूप से बागपत के रहने वाले पंकज धामा (32) दिल्ली मेट्रो में कर्मी थे, लोगों ने आरोप लगाया कि अगर समय पर पंकज को पास के अस्पताल ले जाकर प्राथमिक चिकित्सा दी गई होती तो उनकी जान बचाई जा सकती थी।
पुलिस के अनुसार, ट्रेन में चढ़ने के दौरान हुई धक्का-मुक्की में उनका कुछ युवकों से झगड़ा हो गया। डीसीपी रेलवे ने बताया कि आरोपितों को पकड़ने के लिए पुलिस की आठ टीमों ने मुजफ्फरनगर, ऋषिकेश और हरिद्वार में छापेमारी की। मुजफ्फनगर से चार नाबालिग समेत आठ आरोपितों को पकड़कर जीआरपी दिल्ली के सुपुर्द कर दिया गया है। आरोपियों से पूछताछ करने पर पता चला की सभी पूर्वी दिल्ली के शाहदरा के रहने वाले बताए जा रहे है, सभी हरिद्वार घूमने जा रहे थे।


