कैबिनेट मंत्री राकेश सचान ने फोन पर डीएम से जताई नाराजगी
कानपुर देहात। सरकार की जनसमस्याओं के त्वरित निस्तारण की मंशा को प्रशासनिक अधिकारियों की लापरवाही ने कठेठी गांव की चौपाल में कटघरे में खड़ा कर दिया। रात्रि चौपाल में पहुंचे प्रदेश के कैबिनेट मंत्री राकेश सचान उस समय भड़क गए, जब शिकायतों के अंबार के बीच न तो एसडीएम मौजूद थे और न ही तहसीलदार। राजस्व विभाग की ओर से केवल एक कानूनगो की मौजूदगी ने मंत्री का पारा चढ़ा दिया।
ग्रामीणों की शिकायतें सुनते हुए मंत्री ने मौके से ही जिलाधिकारी कपिल सिंह को फोन मिलाया और नाराजगी जताते हुए कहा कि जब अधिकारियों को पहले से कार्यक्रम की जानकारी थी तो जनता की समस्याओं के समाधान के लिए जिम्मेदार अफसर कहां हैं। उन्होंने दो टूक कहा कि केवल औपचारिकताएं निभाने से काम नहीं चलेगा, जनता की सुनवाई और समस्याओं का निस्तारण भी होना चाहिए।
मंत्री की फटकार के बाद तहसीलदार पवन कुमार मौके पर पहुंचे। जिलाधिकारी ने भी पूरे मामले में स्पष्टीकरण लेकर कार्रवाई का आश्वासन दिया। चौपाल में बिजली विभाग के अधिकारियों की अनुपस्थिति भी चर्चा का विषय बनी रही।
राकेश सचान ने ग्रामीणों से कहा कि सरकारी योजनाओं का लाभ लेने के लिए किसी बिचौलिए के चक्कर में न पड़ें और यदि कोई अधिकारी या कर्मचारी रिश्वत मांगता है तो उसकी तत्काल शिकायत करें। मंत्री की नाराजगी ने एक बार फिर प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं।


