लखनऊ। उत्तर प्रदेश के प्रांतीय सिविल सेवा (पीसीएस) अधिकारियों के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है। संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) मुख्यालय, नई दिल्ली में बुधवार को आयोजित विभागीय प्रोन्नति समिति (डीपीसी) की महत्वपूर्ण बैठक में प्रदेश के 33 पीसीएस अधिकारियों को भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) संवर्ग में पदोन्नत किए जाने पर सहमति बन गई है। इसके साथ ही वर्षों से आईएएस प्रमोशन का इंतजार कर रहे अधिकारियों का सपना साकार होने की राह पर पहुंच गया है।
बैठक में उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से मुख्य सचिव एस.पी. गोयल और प्रमुख सचिव नियुक्ति एवं कार्मिक एम. देवराज शामिल हुए। चयन वर्ष 2025 के लिए केंद्र सरकार ने उत्तर प्रदेश को आईएएस प्रमोशन कोटे के तहत 33 पद आवंटित किए हैं। इन पदों पर चयन के लिए वरिष्ठ पीसीएस अधिकारियों के सेवा अभिलेखों और पात्रता का परीक्षण किया गया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार वर्ष 2010 बैच के आठ तथा 2011 बैच के 21 पीसीएस अधिकारी पदोन्नति की दौड़ में शामिल हैं। दोनों बैचों के कुल 29 अधिकारियों का आईएएस संवर्ग में चयन लगभग तय माना जा रहा है। शेष चार रिक्त पदों पर वर्ष 2012 बैच के वरिष्ठतम अधिकारियों को मौका मिलने की संभावना है।
डीपीसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब नियुक्ति विभाग औपचारिक कार्यवाही में जुट गया है। माना जा रहा है कि केंद्र और राज्य सरकार की आवश्यक मंजूरियों के बाद जल्द ही पदोन्नत अधिकारियों की आधिकारिक सूची जारी कर दी जाएगी। इस फैसले से प्रदेश के प्रशासनिक ढांचे में अनुभवयुक्त अधिकारियों की संख्या बढ़ेगी और लंबे समय से पदोन्नति की प्रतीक्षा कर रहे पीसीएस अधिकारियों को बड़ा लाभ मिलेगा।


