शमशाबाद/फर्रुखाबाद।
जनपद में पड़ रही भीषण गर्मी के बीच जहां आम जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है, वहीं लोगों को राहत देने के उद्देश्य से आयोजित मुख्यमंत्री आरोग्य स्वास्थ्य मेलों में मरीजों की भारी भीड़ उमड़ रही है। रविवार को क्षेत्र के विभिन्न प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर आयोजित इन मेलों में सैकड़ों मरीजों ने पहुंचकर चिकित्सीय परामर्श लिया और आवश्यक दवाइयां प्राप्त कीं।
जानकारी के अनुसार इन दिनों भीषण गर्मी अपने चरम पर है। आसमान से बरसती आग ने लोगों का जीना मुश्किल कर दिया है। सुबह होते ही तेज धूप के कारण लोग घरों में कैद होने को मजबूर हो जाते हैं। मेहनत-मजदूरी कर अपने परिवार का पालन-पोषण करने वाले लोगों की स्थिति सबसे अधिक दयनीय बनी हुई है। सुबह 10 बजे के बाद जैसे ही धूप तेज होती है, लोग छांव की तलाश में बाग-बगीचों और पेड़ों के नीचे शरण लेने को विवश हो जाते हैं।
कृषि कार्य से जुड़े किसान भी इस भीषण गर्मी से खासे परेशान हैं। खेतों में तैयार खड़ी मक्का समेत अन्य फसलों को सिंचाई की सख्त जरूरत है, लेकिन अघोषित बिजली कटौती किसानों के लिए बड़ी समस्या बनी हुई है। किसानों का कहना है कि हजारों-लाखों रुपये खर्च कर तैयार की गई फसलें जब पानी के अभाव में सूखने लगती हैं, तो उनकी पीड़ा को वही समझ सकते हैं। मजबूरी में किसान तपती दोपहरी में भी खेतों की सिंचाई करने को विवश हैं।
भीषण गर्मी के चलते लोगों में विभिन्न बीमारियों का प्रकोप भी तेजी से बढ़ रहा है। खांसी, जुकाम, बुखार, सिरदर्द, कमजोरी, उल्टी-दस्त जैसी समस्याओं से पीड़ित मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। ऐसे में शासन की मंशा के अनुरूप स्वास्थ्य विभाग द्वारा आयोजित मुख्यमंत्री आरोग्य स्वास्थ्य मेले लोगों के लिए राहत का माध्यम बन रहे हैं।
इसी क्रम में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र फैज बाग में चिकित्सक अमित कुमार के नेतृत्व में आरोग्य स्वास्थ्य मेले का आयोजन किया गया। मेले में कुल 49 मरीजों का पंजीकरण किया गया, जिनका चिकित्सीय परीक्षण कर आवश्यक परामर्श दिया गया। एलटी अलका द्वारा 18 मरीजों की शुगर जांच की गई, जबकि एएनएम पूजा वर्मा ने महिलाओं को स्वास्थ्य संबंधी जानकारी और परिवार नियोजन के प्रति जागरूक किया। फार्मासिस्ट द्वारा मरीजों को आवश्यक जीवन रक्षक दवाइयों का वितरण किया गया।
चिकित्सक अमित कुमार ने लोगों को गर्मी से बचाव के उपाय बताते हुए कहा कि सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक तेज धूप से बचें और अत्यंत आवश्यक होने पर ही घर से बाहर निकलें। पर्याप्त मात्रा में पानी का सेवन करें और किसी भी प्रकार की स्वास्थ्य समस्या होने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर संपर्क करें। उन्होंने चेतावनी दी कि लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है।
वहीं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पसियापुर में भी फार्मासिस्ट शैलेंद्र कुमार के नेतृत्व में आरोग्य स्वास्थ्य मेले का आयोजन किया गया। यहां करीब 40 मरीजों का पंजीकरण किया गया, जिनमें सर्दी, जुकाम, बुखार, दाद, खाज और खुजली जैसी बीमारियों से ग्रसित मरीज शामिल रहे। सभी मरीजों की जांच कर उन्हें आवश्यक दवाइयां वितरित की गईं। एलटी नेहा महरूस द्वारा शुगर, मलेरिया और टाइफाइड की जांच की गई, जबकि एएनएम प्रिया ने महिलाओं को स्वास्थ्य और परिवार नियोजन संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी दी।
मुख्यमंत्री आरोग्य स्वास्थ्य मेले में उमड़ा मरीजों का हुजूम, भीषण गर्मी में स्वास्थ्य सेवाओं का सहारा


