आगरा
जिले के गांवों को प्लास्टिक मुक्त बनाने के लिए प्रशासन ने एक अनूठी पहल शुरू करने का फैसला लिया है। अब गांव-गांव में प्लास्टिक कचरे के खिलाफ जागरूकता फैलाने के लिए इसकी प्रतीकात्मक शव यात्रा निकाली जाएगी। मंगलवार को कलेक्ट्रेट में आयोजित जिला स्वच्छता समिति की बैठक में जिलाधिकारी मनीष बंसल ने इस अभियान को लेकर अधिकारियों को जरूरी दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्लास्टिक प्रदूषण को रोकने के लिए केवल सरकारी प्रयास पर्याप्त नहीं हैं, बल्कि जनसहभागिता के जरिए व्यापक जागरूकता अभियान चलाना जरूरी है।
जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि स्कूली बच्चों, युवाओं, ग्राम प्रधानों और जनप्रतिनिधियों को इस अभियान से जोड़ा जाए। गांवों में श्रमदान के माध्यम से प्लास्टिक कचरा एकत्र किया जाएगा और फिर उसके खिलाफ प्रतीकात्मक शव यात्रा निकालकर लोगों को पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया जाएगा। प्रशासन का मानना है कि इस तरह के रचनात्मक अभियान से ग्रामीणों में जागरूकता बढ़ेगी और प्लास्टिक उपयोग को कम करने में मदद मिलेगी। इसके साथ ही प्रत्येक ब्लॉक में प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट स्थापित करने का प्रस्ताव तैयार करने को भी कहा गया है। पंचायत सफाई कर्मचारियों को हर महीने कम से कम 10 किलो प्लास्टिक कचरा इकट्ठा करने का लक्ष्य दिया गया है।
बैठक के दौरान व्यक्तिगत शौचालय निर्माण की समीक्षा में 3,882 आवेदन लंबित पाए जाने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी जताई। उन्होंने अधिकारियों को एक सप्ताह के भीतर सभी लंबित आवेदनों का सत्यापन कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। साथ ही यह भी स्पष्ट किया कि दूसरी किश्त जारी करने से पहले लाभार्थियों का जीपीएस युक्त फोटो अनिवार्य रूप से लिया जाएगा। जिलाधिकारी ने कहा कि स्वच्छता योजनाओं में किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी और सभी कार्य समयबद्ध तरीके से पूरे किए जाएं।
भीषण गर्मी को देखते हुए जिलाधिकारी ने पंचायतों, हाट-बाजारों और सार्वजनिक स्थानों पर प्याऊ, छाया और मवेशियों के लिए पानी की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके अलावा जिले की 104 ग्राम पंचायतों में बनाई गई डिजिटल लाइब्रेरी के सौंदर्यीकरण का कार्य 31 मई तक पूरा करने को कहा गया है। बैठक में बिना सूचना अनुपस्थित रहने पर फतेहाबाद के एडीओ को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया। प्रशासन का कहना है कि स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और जनसुविधाओं से जुड़े कार्यों में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।


