कौशांबी
महिला आरक्षण बिल को लेकर राजनीतिक माहौल गर्म हो गया है। इसी क्रम में शुक्रवार को मंझनपुर नगर पालिका कार्यालय में एक बैठक आयोजित की गई, जिसमें भाजपा नेताओं ने विपक्ष पर तीखे हमले किए और केंद्र सरकार की नीतियों का समर्थन किया।
कार्यक्रम में प्रयागराज की पूर्व महापौर अभिलाषा गुप्ता नंदी ने विपक्षी दलों पर महिलाओं के अधिकारों के मुद्दे पर विरोधाभासी रवैया अपनाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि विपक्ष की सोच महिलाओं के हितों के खिलाफ है, जिससे समाज में आक्रोश बढ़ रहा है।
अभिलाषा गुप्ता ने दावा किया कि विपक्ष के नेता भी महिलाओं से जन्मे हैं, इसके बावजूद वे महिला आरक्षण जैसे महत्वपूर्ण मुद्दे का विरोध कर रहे हैं, जो उनकी मानसिकता को दर्शाता है। उन्होंने इसे महिलाओं के सम्मान और सशक्तिकरण के खिलाफ बताया।
उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का उद्देश्य महिलाओं को राजनीति में अधिक भागीदारी देना है, ताकि वे विधानसभा और लोकसभा जैसे मंचों पर मजबूत प्रतिनिधित्व कर सकें। उनके अनुसार, इसी उद्देश्य से महिला आरक्षण बिल को आगे बढ़ाया गया है।
अभिलाषा गुप्ता ने कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर भी हमला बोलते हुए कहा कि इन दलों पर महिलाओं के प्रति उपेक्षा और अपमान के आरोप लगते रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार महिलाओं को अधिक अधिकार और अवसर देने की दिशा में काम कर रही है, जबकि विपक्ष इस प्रक्रिया में बाधा डालने का प्रयास कर रहा है।
सपा सांसद डिंपल यादव के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि यदि महिलाएं स्वयं राजनीतिक दलों में सम्मान और स्थिति को लेकर सवाल उठाती हैं, तो यह सोचने वाली बात है। उन्होंने यह भी दावा किया कि उनके परिवार की एक महिला सदस्य ने भाजपा जॉइन की है, जो इस बात का संकेत है कि वह पहले असंतुष्ट रही होंगी।
बैठक के दौरान भाजपा नेताओं ने महिला सशक्तिकरण को लेकर सरकार की उपलब्धियों को भी रेखांकित किया और इसे आगे बढ़ाने की प्रतिबद्धता दोहराई।


