मुरादाबाद: यूपी के मुरादाबाद (Moradabad) में तैनात एक पुलिस कांस्टेबल (police constable) पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम (Prevention of Corruption Act) के तहत मामला दर्ज किया गया है। उस पर आरोप है कि उसने अपनी ज्ञात आय के स्रोतों से अधिक संपत्ति रखी है। आरोपी महेंद्र पाल सिंह, जो बरेली का मूल निवासी है और वर्तमान में मुरादाबाद में तैनात है, राज्य की भ्रष्टाचार-विरोधी शाखा के वरिष्ठ अधिकारियों तक शिकायत पहुंचने के बाद जांच के दायरे में आया।
उप महानिरीक्षक (लोक शिकायत) और लखनऊ स्थित भ्रष्टाचार-विरोधी संगठन के उप महानिरीक्षक के आदेश पर जांच शुरू की गई। भ्रष्टाचार-विरोधी संगठन के इंस्पेक्टर मोहम्मद इश्तियाक द्वारा दर्ज एफआईआर के अनुसार, सिंह की 2010 से 2020 तक की कुल ज्ञात आय, जिसमें वेतन और अन्य वैध स्रोत शामिल हैं, 9.77 लाख रुपये दर्ज की गई है।
हालांकि, इसी अवधि के दौरान, उसने कथित तौर पर परिवार के भरण-पोषण, जमीन/प्लॉट खरीदने और वाहनों पर 86.64 लाख रुपये खर्च किए। जांचकर्ताओं
ने पाया कि उसका खर्च उसकी ज्ञात आय से 76.86 लाख रुपये अधिक था—जो उसकी आधिकारिक आय से लगभग नौ गुना अधिक था।
भ्रष्टाचार विरोधी इकाई के थाना अधिकारी, नवाह मारवाह ने पुष्टि की कि भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है और आगे की जांच जारी है। अधिकारी अब कांस्टेबल द्वारा किए गए अतिरिक्त खर्च और अर्जित संपत्तियों के स्रोतों की जांच कर रहे हैं।


