इटावा
जनपद में अक्षय तृतीया का पर्व व्यापारियों के लिए इस बार बड़ी सौगात लेकर आ रहा है। रविवार को पड़ने वाले इस शुभ अवसर को लेकर शहर के बाजारों में जबरदस्त रौनक देखने को मिल रही है। सराफा बाजार से लेकर वाहन शोरूम तक खरीदारी को लेकर लोगों में खासा उत्साह है और व्यापारी भी बेहतर कारोबार की उम्मीद में तैयारियों में जुटे हुए हैं।
शहर के प्रमुख बाजार जैसे शास्त्री चौराहा, नौरंगाबाद और पचराहा सहित फ्रेंड्स कॉलोनी, भरथना, बकेवर और जसवंतनगर क्षेत्रों में भी चहल-पहल बढ़ गई है। व्यापार प्रतिनिधि मंडल के अध्यक्ष आलोक दीक्षित के अनुसार इस बार अक्षय तृतीया पर लगभग 50 से 60 करोड़ रुपये तक का कारोबार होने का अनुमान है, जो पिछले वर्षों की तुलना में बेहतर माना जा रहा है।
सराफा व्यापारियों का कहना है कि सोने-चांदी के दाम ऊंचे होने के बावजूद ग्राहकों की खरीदारी पर इसका खास असर नहीं पड़ा है। सराफा व्यापारी विनीत पोरवाल के अनुसार इस बार बुकिंग में 15 से 20 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। लोग विशेष रूप से शगुन के तौर पर सोने की गिन्नी, चांदी के सिक्के और हल्के आभूषण खरीदने में रुचि दिखा रहे हैं। बाजार में आकर्षक डिजाइनों और ऑफर्स के चलते ग्राहकों की भीड़ लगातार बढ़ रही है।
वहीं ऑटोमोबाइल सेक्टर में भी जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। जिले के प्रमुख ऑटो डीलर संजय अग्रवाल के अनुसार इस बार पेट्रोल वाहनों के साथ-साथ इलेक्ट्रिक स्कूटरों की मांग में भी तेजी आई है और 100 से अधिक इलेक्ट्रिक वाहनों की प्री-बुकिंग हो चुकी है। इसके अलावा दोपहिया वाहनों की करीब 600 यूनिट और 100 से अधिक कारों की डिलीवरी का अनुमान लगाया जा रहा है। लग्जरी कारों के शोरूम भी विशेष रूप से सजाए गए हैं और ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए कई ऑफर्स दिए जा रहे हैं।
कृषि क्षेत्र से जुड़े उपकरणों जैसे ट्रैक्टर आदि की बिक्री में भी वृद्धि की संभावना जताई जा रही है। व्यापारियों के अनुसार केवल सराफा बाजार में ही करीब 30 करोड़ रुपये के जेवर और सिक्कों की बिक्री होने का अनुमान है, जबकि इलेक्ट्रिक वाहनों का कारोबार भी एक करोड़ रुपये से अधिक का हो सकता है।
अक्षय तृतीया को हिंदू धर्म में अत्यंत शुभ माना जाता है, जिस दिन बिना मुहूर्त के खरीदारी करना मंगलकारी समझा जाता है। इसी कारण हर वर्ग के लोग इस दिन निवेश और खरीदारी को प्राथमिकता देते हैं। ऐसे में इस बार इटावा के बाजारों में उमड़ी भीड़ और व्यापारियों की तैयारियां एक बड़े आर्थिक गतिविधि की ओर संकेत कर रही हैं।


