अमित शाह का मांग रहे इस्तीफा
बिना नेमप्लेट के तैनात पुलिस ने उठाया
लखनऊ। जेन-जी छात्रों के समर्थन और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के इस्तीफे की मांग को लेकर शनिवार को NSUI कार्यकर्ता सड़क पर उतर आए। युवा कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष दीपक शिवहरे के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने परिवर्तन चौक से राजभवन की ओर मार्च शुरू किया। प्रदर्शनकारियों की योजना राजभवन का घेराव करने की थी।
परिवर्तन स्थल से करीब 300 मीटर आगे बाबू केडी सिंह स्टेडियम के पास पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोक दिया। इसके बाद पुलिस ने एक-एक कर कई कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया और बसों के जरिए इको गार्डन भेज दिया। प्रदर्शन के कारण कुछ देर तक इलाके में जाम की स्थिति भी बनी रही।
प्रदर्शन से करीब डेढ़ घंटे पहले ही परिवर्तन चौक पर भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया था। प्रदर्शनकारियों के साथ पुलिसकर्मी आगे-आगे चलते रहे और उन्हें आगे बढ़ने से रोक दिया। इस दौरान कई पुलिसकर्मियों और अधिकारियों के बिना नेमप्लेट ड्यूटी पर तैनात होने का आरोप प्रदर्शनकारियों ने लगाया।
दीपक शिवहरे ने आरोप लगाया कि 20 जुलाई को जंतर-मंतर पर जेन-जी छात्रों के प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने लाठीचार्ज और पैलेट गन का इस्तेमाल किया था। इसी कार्रवाई के विरोध में गृहमंत्री अमित शाह के इस्तीफे की मांग की जा रही है।
प्रदर्शन में कांग्रेस के यूपी प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम, राष्ट्रीय सचिव जगदीश चंद्र जांगीड़, अब्दुल हन्नान, सांसद राकेश राठौर और पूर्व एमएलसी दीपक सिंह समेत कई नेता शामिल रहे। पूर्व एमएलसी दीपक सिंह ने कहा कि छात्रों के साथ हुई कथित पुलिस कार्रवाई और सरकार की नीतियों के खिलाफ आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि गृहमंत्री के इस्तीफे तक प्रदर्शन को आगे बढ़ाया जाएगा।
पुलिस द्वारा रोके जाने के बाद प्रदर्शनकारियों को इको गार्डन भेज दिया गया। सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए परिवर्तन चौक से विधानसभा और राजभवन की ओर जाने वाले मार्गों पर पुलिस की तैनाती बढ़ाई गई।


