गोरखपुर। एंटी करप्शन टीम ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए संयुक्त शिक्षा निदेशक (जेडी) कार्यालय के पटल सहायक शहनवाज आलम को 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते गिरफ्तार किया है। कार्रवाई के बाद आरोपी के खिलाफ कैंट थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया है।
बताया गया कि जेडी कार्यालय में तैनात पटल सहायक शहनवाज आलम के पास एक सेवानिवृत्त शिक्षिका से संबंधित काम था। आरोप है कि संबंधित कार्य को आगे बढ़ाने और निस्तारण कराने के एवज में पटल सहायक ने रिटायर्ड शिक्षिका से 10 हजार रुपये की रिश्वत की मांग की थी। रिश्वत की मांग से परेशान शिक्षिका ने इसकी शिकायत एंटी करप्शन टीम से की।
शिकायत मिलने के बाद एंटी करप्शन टीम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए शिकायत की जांच की। शिकायत सही पाए जाने के बाद टीम ने आरोपी को रिश्वत लेते पकड़ने की योजना बनाई। तय योजना के तहत टीम ने कार्रवाई करते हुए पटल सहायक शहनवाज आलम को 10 हजार रुपये लेते गिरफ्तार कर लिया।
कार्रवाई के दौरान टीम ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की। गिरफ्तारी की जानकारी मिलते ही जेडी कार्यालय में भी हड़कंप मच गया। कार्यालय में तैनात कर्मचारियों के बीच काफी देर तक कार्रवाई को लेकर चर्चा होती रही।
एंटी करप्शन टीम की कार्रवाई के बाद आरोपी पटल सहायक के खिलाफ कैंट थाने में भ्रष्टाचार से संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया गया है। टीम द्वारा मामले में आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है। आरोपी से पूछताछ के साथ ही रिश्वत मांगने और लेने से जुड़े तथ्यों की भी जांच की जा रही है।
जेडी कार्यालय के पटल सहायक की गिरफ्तारी ने शिक्षा विभाग के कार्यालयों में भ्रष्टाचार को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं। सेवानिवृत्त कर्मचारियों को पेंशन, देयकों और अन्य विभागीय कार्यों के लिए कार्यालयों के चक्कर लगाने पड़ते हैं। ऐसे में रिश्वत की शिकायत पर हुई इस कार्रवाई को एंटी करप्शन टीम की महत्वपूर्ण कार्रवाई माना जा रहा है।
अधिकारियों का कहना है कि सरकारी काम के बदले रिश्वत मांगने वालों के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी। एंटी करप्शन टीम ने लोगों से भी अपील की है कि यदि कोई सरकारी कर्मचारी या अधिकारी काम के बदले रिश्वत की मांग करता है तो इसकी शिकायत संबंधित भ्रष्टाचार निरोधक एजेंसी से की जा सकती है।


