फर्रुखाबाद। उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की सदस्य सुनीता बैंस के जनपद भ्रमण के दौरान एक महिला ने गंभीर आरोप लगाते हुए लिखित शिकायत दी। पीड़िता प्रीति सिंह गुप्ता पत्नी विवेक गुप्ता ने अपने जेठ राज कुमार और योगेश गुप्ता सहित कुछ लोगों पर लगातार उत्पीड़न, मारपीट, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है।
पीड़िता के अनुसार आरोपियों ने घर की छत तोड़ दी, जिससे बारिश का पानी सीधे कमरे में आने लगा और सीलिंग फैन तक गिर गया। पानी आने से दीवारों में करंट उतरने की आशंका भी बनी रहती है, जिससे परिवार की जान को खतरा बना हुआ है। कई बार शिकायत के बावजूद छत की मरम्मत नहीं कराई जा रही है।
पीड़िता का कहना है कि उसने इस मामले की शिकायत जिलाधिकारी से भी की थी, जिस पर पुलिस को समस्या के निस्तारण के निर्देश दिए गए थे। बावजूद इसके 2 अप्रैल 2025 तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
महिला ने आरोप लगाया कि 9 अप्रैल 2025 को आरोपियों ने बिजली के करंट से जान लेने की धमकी दी। इस मामले में पुलिस ने मौके पर जाकर डांट-फटकार तो लगाई, लेकिन आरोपियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई।
शिकायत में यह भी कहा गया है कि पीड़िता के घर के बाहर ताला लगा दिया गया और बाहर निकलने पर जान से मारने की धमकियां दी जाती हैं। इतना ही नहीं, कुछ लोगों ने उस पर हमला भी किया। पीड़िता के पिता ने इस पूरे मामले की जानकारी पुलिस अधीक्षक को भी दी है।
प्रार्थना पत्र में यह भी उल्लेख किया गया कि कुछ दिन पहले नगरी कचहरी परिसर में अधिवक्ता रघुवीर सिंह के साथ मारपीट और तमंचा तानने की घटना हुई थी, जिससे क्षेत्र में भय का माहौल बना हुआ है।
पीड़िता ने महिला आयोग सदस्य से सुरक्षा और न्याय की मांग की। इस पर महिला आयोग सदस्य सुनीता बैंस ने स्थानीय अधिकारियों को मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश देने का आश्वासन दिया।
पीड़िता का कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो वह मुख्यमंत्री और महिला आयोग के उच्च स्तर पर भी न्याय की गुहार लगाएगी।


