लखनऊ। बीकेटी तहसील एक बार फिर भूमि विवाद को लेकर चर्चा में है। तहसील क्षेत्र के ग्राम मलूकपुर निवासी एक किसान ने आरोप लगाया है कि उसके साथ कथित धोखाधड़ी कर 1.5 बीघा जमीन की जगह 4.5 बीघा भूमि की रजिस्ट्री करा ली गई। किसान का दावा है कि फर्जी दस्तावेजों के जरिए उसकी करीब 50 लाख रुपये से अधिक मूल्य की जमीन हड़प ली गई।
पीड़ित किसान का आरोप है कि उसे केवल 17 लाख रुपये दिए गए, जबकि उसकी कहीं अधिक मूल्य की जमीन का बैनामा करा लिया गया। किसान ने यह भी आरोप लगाया कि जो रकम उसके बैंक खाते में भेजी गई थी, वह भी बाद में कथित रूप से खाते से निकाल ली गई। पूरे मामले में फर्जीवाड़ा और धोखाधड़ी किए जाने का आरोप लगाया गया है।
मामले की शिकायत मिलने के बाद बीकेटी तहसीलदार ने गंभीरता दिखाते हुए संबंधित प्रभारी निरीक्षक से विस्तृत रिपोर्ट तलब की है। पुलिस और राजस्व विभाग अब दस्तावेजों, रजिस्ट्री और बैंक लेन-देन की जांच कर रहे हैं।
यह मामला ऐसे समय सामने आया है, जब प्रदेश में भूमि विवादों और फर्जी दस्तावेजों के जरिए जमीन हड़पने के मामलों पर शासन सख्त रुख अपनाए हुए है। यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी, कूटरचना और अन्य गंभीर धाराओं में कार्रवाई हो सकती है।
फिलहाल किसान द्वारा लगाए गए आरोपों की जांच जारी है। संबंधित पक्ष का पक्ष और जांच रिपोर्ट आने के बाद ही पूरे मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
किसान ने फर्जी दस्तावेजों से 50 लाख की जमीन हड़पने का लगाया आरोप


