संभल जिले में रसोई गैस उपभोक्ताओं को इन दिनों गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। करीब 20,000 उपभोक्ता केवाईसी अपडेट न होने या मोबाइल नंबर बदल जाने के कारण गैस सिलेंडर प्राप्त करने में दिक्कत झेल रहे हैं। हालात यह हैं कि कई उपभोक्ताओं को बुकिंग के बावजूद समय पर सिलेंडर नहीं मिल पा रहा, जिससे दैनिक जीवन प्रभावित हो रहा है।
जानकारी के अनुसार, जिले में बड़ी संख्या में उपभोक्ताओं ने पिछले दो वर्षों से अपनी केवाईसी अपडेट नहीं कराई है। जैसे ही उनका सिलेंडर खत्म होता है और वे बुकिंग कराते हैं, केवाईसी से जुड़ी समस्याएं सामने आ जाती हैं। वहीं सर्वर डाउन रहने के कारण कई बार केवाईसी प्रक्रिया कई दिनों तक पूरी नहीं हो पाती, जिससे परेशानी और बढ़ जाती है।
इसके अलावा, कई उपभोक्ताओं ने अपने गैस कनेक्शन से जुड़े मोबाइल नंबर बदल लिए हैं, जिसके चलते ओटीपी आधारित बुकिंग में बाधा आ रही है। कुछ एजेंसियों पर उपभोक्ताओं से अतिरिक्त शुल्क या अनावश्यक सामान जैसे पाइप खरीदने के लिए कहे जाने की शिकायतें भी सामने आई हैं, जिससे लोगों में नाराजगी है।
जिले में कुल 39 गैस एजेंसियां संचालित हैं, जिनसे 5 लाख से अधिक उपभोक्ता जुड़े हुए हैं। इनमें प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के लाभार्थी भी बड़ी संख्या में शामिल हैं। जिला पूर्ति अधिकारी शिवि गर्ग के अनुसार प्रतिदिन लगभग 13,000 सिलेंडर बुक हो रहे हैं और लगभग उतनी ही संख्या में वितरण भी किया जा रहा है, लेकिन तकनीकी और दस्तावेजी समस्याओं के कारण कई उपभोक्ता प्रभावित हो रहे हैं।
उपभोक्ताओं ने अपनी परेशानियां साझा करते हुए बताया कि एजेंसियों के चक्कर लगाने के बावजूद समाधान नहीं मिल पा रहा है। चौधरी सराय निवासी रियाजुद्दीन को सिलेंडर लेने के लिए पहले मोबाइल नंबर अपडेट कराने और फिर 190 रुपये का पाइप खरीदने के लिए कहा गया, जिससे वे बिना सिलेंडर लिए ही लौट गए। वहीं दीपा सराय निवासी मोहम्मद वामिश कई दिनों से सर्वर समस्या के कारण बुकिंग नहीं कर पा रहे हैं।
हालांकि कुछ उपभोक्ताओं को कोई विशेष परेशानी नहीं हुई है और उन्हें समय पर सिलेंडर मिल गया। इसके बावजूद बड़ी संख्या में लोग अब भी समस्याओं से जूझ रहे हैं। प्रशासन से अपेक्षा की जा रही है कि वह इस मुद्दे पर तत्काल संज्ञान लेकर केवाईसी प्रक्रिया को सरल बनाए और गैस वितरण व्यवस्था को सुचारु करे, ताकि आम जनता को राहत मिल सके।.


