तेहरान: पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच जापान को एक बड़ी राहत भरी खबर मिली है। ईरान में हिरासत में लिए गए दो जापानी नागरिकों में से एक को रिहा कर दिया गया है, जबकि दूसरा अब भी कैद में है।
जापान के विदेश मंत्री तोशिमित्सु मोतेगी ने रविवार को इस घटनाक्रम की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि रिहा किया गया नागरिक पिछले साल से ईरान की हिरासत में था और उसे हाल ही में बुधवार को रिहा किया गया।
विदेश मंत्री ने यह भी जानकारी दी कि रिहा हुआ व्यक्ति अब सुरक्षित रूप से जापान लौट रहा है। उसकी सेहत और सुरक्षा को लेकर सरकार लगातार निगरानी बनाए हुए है और उसे हर संभव सहायता दी जा रही है।
मोतेगी ने इस रिहाई को कूटनीतिक प्रयासों की सफलता बताया। उन्होंने कहा कि जापान सरकार ने ईरानी अधिकारियों के साथ लगातार संवाद बनाए रखा, जिसके परिणामस्वरूप यह सकारात्मक कदम उठाया गया।
हालांकि, इस मामले में पूरी राहत अभी नहीं मिली है। एक अन्य जापानी नागरिक अब भी ईरान की हिरासत में है, जिसे इस साल की शुरुआत में गिरफ्तार किया गया था।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, हिरासत में मौजूद दूसरा व्यक्ति NHK का एक पत्रकार है। यह जानकारी सामने आने के बाद मामले की संवेदनशीलता और बढ़ गई है।
जापानी सरकार इस पत्रकार की रिहाई के लिए भी सक्रिय रूप से प्रयास कर रही है। अधिकारियों ने कहा है कि वे हर संभव कूटनीतिक रास्ता अपनाकर अपने नागरिक की सुरक्षित वापसी सुनिश्चित करना चाहते हैं।
इस घटनाक्रम के बीच जापान ने ईरान से अपील की है कि वह मानवीय आधार पर शेष नागरिक को भी जल्द रिहा करे। साथ ही, अंतरराष्ट्रीय मानकों और मानवाधिकारों का पालन करने पर जोर दिया गया है।
विशेषज्ञों का मानना है कि मौजूदा वैश्विक और क्षेत्रीय तनाव के चलते विदेशी नागरिकों की गिरफ्तारी के मामलों में वृद्धि देखी जा रही है। ऐसे मामलों का इस्तेमाल कई बार कूटनीतिक दबाव बनाने के लिए भी किया जाता है।
जापान सरकार ने अपने नागरिकों को पश्चिम एशिया के संवेदनशील क्षेत्रों की यात्रा को लेकर सावधानी बरतने की सलाह दी है। विदेश मंत्रालय ने एडवाइजरी जारी कर कहा है कि लोग अनावश्यक यात्रा से बचें और स्थानीय हालात पर नजर रखें।
इस बीच, अंतरराष्ट्रीय समुदाय भी इस मामले पर नजर बनाए हुए है। कई देशों ने ऐसे मामलों में पारदर्शिता और कानूनी प्रक्रिया का पालन करने की जरूरत पर जोर दिया है।
विश्लेषकों का कहना है कि यदि दूसरा नागरिक भी जल्द रिहा हो जाता है, तो यह जापान और ईरान के बीच संबंधों में सकारात्मक संकेत माना जाएगा। हालांकि, मौजूदा हालात को देखते हुए यह प्रक्रिया आसान नहीं मानी जा रही है।
फिलहाल, एक नागरिक की रिहाई को राहत के तौर पर देखा जा रहा है, लेकिन दूसरे की गिरफ्तारी ने चिंता को बरकरार रखा है। आने वाले दिनों में कूटनीतिक गतिविधियां और तेज होने की संभावना है।
जापान की सरकार ने दोहराया है कि वह अपने हर नागरिक की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है और इस दिशा में कोई भी कसर नहीं छोड़ी जाएगी। अब सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि शेष नागरिक की रिहाई कब तक संभव हो पाती है।


